हरिहर तालाब बना हादसे की खबर का केंद्र, युवक का शव मिलने से मचा हड़कंप

सिंगरौली|  शहर के बीचों-बीच स्थित हरिहर तालाब में बीते सोमवार की रात लगभग नौ बजे एक युवक का शव मिलने से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है. मृतक की पहचान रिंकू खान उर्फ सद्दाम (पिता अफजल खान) के रूप में की गई है. चौंकाने वाली बात यह है कि परिजनों ने उसी दिन कोतवाली बैढ़न में युवक के लापता होने की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी और वे लगातार उसकी खोजबीन कर रहे थे, तभी रात में तालाब में शव मिलने की खबर ने सबको झकझोर कर रख दिया.

मृत्यु के कारणों का रहस्य

तालाब में शव मिलने की सूचना मिलते ही घटनास्थल पर स्थानीय लोगों का भारी जमावड़ा लग गया. युवक की मौत किन परिस्थितियों में हुई और वह तालाब तक कैसे पहुंचा, इस पर से पर्दा अभी तक नहीं उठ पाया है. इस रहस्यमय घटना को लेकर इलाके में तरह-तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं. हालांकि, मौत की असली वजह का खुलासा पुलिस जांच की रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा.

सुरक्षा व्यवस्था और बैरिकेडिंग की कमी पर गंभीर सवाल

इस दर्दनाक घटना के बाद जामा मस्जिद के सदर शहनवाज खान ने हरिहर तालाब पर सुरक्षा के इंतजामों को लेकर प्रशासनिक लापरवाही पर कड़े सवाल खड़े किए हैं. उन्होंने कहा कि शहर के बीचों-बीच बने इस तालाब पर छठ पूजा सहित कई अन्य बड़े धार्मिक और सार्वजनिक आयोजनों के वक्त भारी भीड़ जुटती है. इसके बावजूद वहां उचित प्रकाश व्यवस्था और मजबूत बैरिकेडिंग का अभाव होना गहरी चिंता का विषय है.

उन्होंने आगे कहा कि तालाब के सौंदर्यीकरण और विकास कार्यों पर पानी की तरह करोड़ों रुपये बहाए जाने के बावजूद आम जनता की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम न होना गंभीर मामला है. स्थानीय नगर निगम प्रशासन को तत्काल प्रभाव से तालाब के चारों ओर पर्याप्त रोशनी, मजबूत बैरिकेडिंग और सुरक्षा के तमाम जरूरी सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने चाहिए.

शहनवाज खान ने जोर देकर कहा कि इस तरह के हादसों की पुनरावृत्ति रोकने के लिए संबंधित विभागों को अभी से ठोस कदम उठाने होंगे. अब यह देखना अहम होगा कि बैढ़न स्थित हरिहर तालाब की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठ रहे इन गंभीर सवालों पर नगर निगम कब तक और क्या ठोस कार्रवाई करता है.

Latest news

Related news