विशाखापत्तनम स्टील प्लांट में बड़ा हादसा, पिघला हुए स्टील गिरने से कई मज़दूरों की मौत

आंध्र प्रदेश के राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (RINL), जिसे विशाखापत्तनम स्टील प्लांट Visakhapatnam Steel Plant के नाम से भी जाना जाता है, में सोमवार शाम को बड़ी मात्रा में पिघला हुआ स्टील गिरने से कई लोगों के मारे जाने और कई अन्य के घायल होने की आशंका है.

स्टील का एक बड़ा हिस्सा लीक होने से हुआ हादसा

हिंदुस्तान टाइम्स ने कहा कि उसे एक लोकल ट्रेड यूनियन लीडर ने नाम न बताने की शर्त पर बताया कि यह घटना प्लांट के कंटीन्यूअस कास्टिंग डिपार्टमेंट (CCD) में शाम करीब 4.30 बजे हुई, जो स्टील मेल्टिंग शॉप (SMS) सेक्शन के अंदर आता है और इसमें नौ लोगों के मारे जाने की आशंका है.
ट्रेड यूनियन लीडर ने कहा, “पिघला हुआ स्टील ले जा रहा एक करछुल अचानक खराब हो गया, जिससे बड़ी मात्रा में लिक्विड मेटल फैल गया. तेज़ गर्मी और आग लगने से मज़दूर आस-पास फंस गए, जिससे कई लोग मारे गए.”
एक और जानकारी के मुताबिक, यह घटना NTC-3 हीट F से जुड़े ऑपरेशन के दौरान हुई. एक और ट्रेड यूनियन लीडर ने कहा, “उठाते समय पिघला हुआ स्टील का एक बड़ा हिस्सा लीक हो गया, जिससे भयंकर आग लग गई.”

ट्रेड यूनियन नेताओं ने 9 लाशें मिलने का दावा किया

घटना के तुरंत बाद इमरजेंसी रिस्पॉन्स टीम और फायर स्टाफ मौके पर पहुंचे और बचाव और आग बुझाने का काम शुरू किया. घायल मज़दूरों को इलाज के लिए पास के हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया.
ट्रेड यूनियन नेताओं ने नौ लाशें मिलने का दावा किया है, लेकिन RINL मैनेजमेंट ने अभी तक मरने वालों की संख्या कन्फर्म करने वाला कोई ऑफिशियल बयान जारी नहीं किया है.

हादसे की होगी डिटेल में जांच-Visakhapatnam Steel Plant के अधिकारी

अधिकारियों से उम्मीद है कि वे हादसे की सही वजह का पता लगाने के लिए डिटेल में जांच करेंगे और यह पता लगाएंगे कि क्या इस हादसे में किसी सेफ्टी चूक की वजह से कोई हादसा हुआ है.
इस घटना से कर्मचारियों और उनके परिवारों में चिंता बढ़ गई है, और स्टील प्लांट में काम की जगह पर सेफ्टी के तरीकों को लेकर चिंता जताई जा रही है.
बचाव और जांच का काम जारी है, इसलिए और जानकारी का इंतज़ार है

मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने हादसे पर जताया दुख

मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने हादसे पर दुख जताया. एक ऑफिशियल बयान में कहा गया, “उन्होंने स्टील प्लांट के अधिकारियों से बात की और घटना के बारे में पूछा. उन्होंने ज़िले के अधिकारियों से मौके पर पहुंचकर बचाव का काम शुरू करने को कहा.”

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