72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में प्रसिद्ध लेखक एवं निर्देशक आनंद एल राय को उत्कृष्ट निर्देशन के राष्ट्रीय पुरस्कार से विभूषित किया गया। यह सम्मान उन्हें उनकी चर्चित वृत्तचित्र (डॉक्यूमेंट्री) फिल्म के कुशल निर्देशन के लिए प्रदान किया गया है।
किस फिल्म के लिए मिला सम्मान
निर्देशक आनंद एल राय को उनकी डॉक्यूमेंट्री फिल्म 'स्टैच्यू ऑफ यूनिटी: एकता का प्रतीक' के लिए सर्वश्रेष्ठ निर्देशन का पुरस्कार प्राप्त हुआ। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने गुजरात के एकता नगर में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम के दौरान उन्हें इस प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा। यह डॉक्यूमेंट्री देश के लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के महान व्यक्तित्व और उनकी ऐतिहासिक विरासत को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करती है।
पुरस्कार मिलने पर आनंद एल राय की प्रतिक्रिया
इस विशेष उपलब्धि पर अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए आनंद एल राय ने कहा कि यह सम्मान उनके लिए अत्यंत विशेष है, क्योंकि डॉक्यूमेंट्री विधा में निर्देशन के लिए मिला यह उनका पहला पुरस्कार है। उन्होंने साझा किया कि लंबे समय से फिल्में बनाने के बावजूद कहानी कहने का यह एक सर्वथा नया माध्यम था, जिससे उन्हें बहुत कुछ सीखने को मिला। उन्होंने माना कि किसी नए क्षेत्र में पदार्पण का अनुभव अद्भुत होता है और भविष्य में वे इस विधा में और भी बेहतर कार्य करने का प्रयास करेंगे।
प्रोजेक्ट से जुड़ने का अनुभव
अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए आनंद एल राय ने बताया कि इस प्रोजेक्ट का प्रस्ताव आने पर शुरुआत में उनके मन में थोड़ा संकोच था, लेकिन बाद में उन्होंने इस अवसर को स्वीकार करने का निर्णय लिया। उन्होंने विशेष रूप से उल्लेख किया कि अभिनेता अक्षय कुमार ने इस वृत्तचित्र से जुड़ने के लिए उनका काफी उत्साहवर्धन किया और उन्हें इस नई यात्रा का आनंद लेने के लिए प्रेरित किया।
आनंद एल राय का वर्कफ्रंट
आनंद एल राय ने हिंदी सिनेमा को 'तनु वेड्स मनु', 'रांझना', 'तनु वेड्स मनु रिटर्न्स' और 'अतरंगी रे' जैसी कई बेहद सफल और यादगार फिल्में दी हैं। वह 'कलर येलो प्रोडक्शंस' के संस्थापक भी हैं। हाल के दिनों में धनुष के साथ उनकी फिल्म 'तेरे इश्क में' को भी दर्शकों और समीक्षकों की ओर से काफी सराहना मिली थी।

