अंबेडकरनगर
सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल है जिसमें कुछ पुलिस वाले महिलाओं पर ताबड़तोड़ लाठियां चलाते दिखाई दे रहे हैं. बताया जा रहा है कि ये वीडियो उत्तर प्रदेश में अंबेडकरनगर के जलालपुर थाने के वाजिदपुर गांव का है. ये वीडियो सोशल मीडिया पर भीम आर्मी पार्टी के नेता चंद्रशेखऱ आजाद ने शेयर किया है. आजाद ने बताया है कि ये महिलाएं बाबा साहब अंबेडकर की मूर्ति के पास हो रही खुदाई का विरोध कर रही थीं इन्हें वहां से हटाने के लिए पुलिस ने बल प्रयोग किया.
अंबेडकर नगर में बाबा साहब की मूर्ति के पास नींव खुदाई का विरोध कर रही महिलाओं पर योगी की पुलिस ने बर्बरता के साथ लाठियां भांजी।
एक तरफ़ मोदी जी महिला सम्मान की बात करते है तो दूसरी तरफ़ यूपी की भाजपा सरकार महिलाओं का सम्मान लाठियों से पीट कर करती है। कथनी और करनी का सच सामने है। pic.twitter.com/HS77VzgBE4— Chandra Shekhar Aazad (@BhimArmyChief) November 6, 2022
दरअसल मामला 4 नवंबर का है जिस दिन कुछ अराजक तत्वों ने बाबा साहब अंबेडकर की प्रतीमा पर कालिख पोत दी थी. जिसे ग्रामीणों ने जब 5 तारीख की सुबह देखा तो आक्रोशित हो गये. पुलिस का कहना है कि सूचना मिलते ही पुलिस तथा तहसील प्रशासन के लोगों ने वहां पहुंच कर लोगों को समझा-बुझाकर शांत कराया और अंबेडकर प्रतिमा को साफ किया गया .ग्रामीण दलितों ने अंबेडकर प्रतिमा के चारों तरफ बाउंड्रीवॉल बनाने की मांग रखी.तहसील प्रशासन ने नाप-जोख कर नगरपालिका जलालपुर द्वारा बाउंड्री बनाने बनाए जाने की बात भी कही लेकिन भीम आर्मी के लोगो का कहना था कि वे लोग वहां खुद ही बाउंड्री वॉल बनायेंगे. पुलिस के मुताबिक भीम आर्मी तथा कुछ दलित नेताओं ने रविवार को पुनः इसे मुद्दा बनाते हुए हंगमा शुरु कर दिया. पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाने-बुझाने का प्रयास कर ही रही थी कि कुछ महिलाओं द्वारा महिलाओं द्वारा पुलिसकर्मी पर हमला करने की बात सामने आई.पुलिस का कहना है कि तब उग्र भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने ‘हल्का’ लाठीचार्ज किया और भीड़ को तितर बितर किया.मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस बल के साथ ही पीएसी तैनात किया गया है और उच्चाधिकारियों के पहुंचने का सिलसिला जारी है
जनपद अम्बेडकरनगर थाना को0 जलालपुर क्षेत्रान्तर्गत ग्राम वाजिदपुर में अंबेडकर प्रतिमा पर कालिख पोतने के विवाद में अराजकतत्वों द्वारा किये गये उपद्रव में स्थानीय पुलिस द्वारा की गयी कार्यवाही के सम्बन्ध में पुलिस अधीक्षक अम्बेडकरनगर द्वारा दी गयी बाइट-@Uppolice https://t.co/1rlSgGAFb6 pic.twitter.com/rlwEIQT9wv
— AMBEDKARNAGAR POLICE (@ambedkarnagrpol) November 6, 2022
इस समय मामला तनावपूर्ण स्थिति में है लेकिन नियंत्रण में है – यूपी पुलिस
पुलिस का कहना है कि उग्र भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज किया लेकिन तस्वीर कुछ और ही बयान कर रही है. महिलाएं निहत्थी हैं और पुलिस की लाठी से बचने के लिए इधर उधर भागती नजर रही है. चारों तरफ चीख पुकार मची हैं. 37 सेकेंड के इस वीडियो में दिख रहा है कि पुलिसकर्मी ताबड़तोड़ लाठियां बरसा रहे हैं. एक महिला घायल होकर जमीन पर गिरी है लेकिन किसी ने उसे उठाने तक की कोशिश नहीं की. पुलिस वाले खुद हाथ में ईंट पत्थर लेकर ग्रामीणों पर पत्थर फेंकते नजर आ रहे हैं.
वजह जो भी हो लेकिन लोकतंत्र में विरोध को दबाने के लिए इस तरह से निहत्थे लोगों पर बल प्रयोग की इजाजत कौन से पुलिस मैनुअल में दी जाती है?
लाठीचार्ज के दौरान चोट लगने से कई ग्रामीण घायल हैं और उनका स्थानीय अस्पताल में इलाज चल रहा है

