Sunday, March 8, 2026

पटना में चुनाव आयोग की अधिकारियो के साथ राजनीतिक दलों की आज की बैठक खत्म,एक ही चरण में मतदान कराने की मांग

Patna EC Meeting  : बिहार में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव के लिए तारीखों के ऐलान से पहले चुनाव आयोग ने आज मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के साथ बैठक की.इस बैठक में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के साथ अन्य दोनों चुनाव आयुक्त विवेक जोशी और सुखवीर सिंह संधू शामिल रहे.चुनाव आयोग की बैठकों का दौर कल यानी रविवार 5 अक्टूबर को भी जारी रहेगा.

Patna EC Meeting:एक ही चरण में कराये जायें मतदान – एनडीए की मांग

मुख्य चुनाव आयुक्त के साथ बैठक में राजनीतिक दलों की तरफ से सत्ता पक्ष ने राज्य में जल्दी और एक ही चऱण में मतदान कराने की मांग की. बैठक के बाद जेडीयू के सांसद संजय कुमार झा ने बताया कि उनकी पार्टी ने चुनाव आयोग के सामने अपनी बात रखी है. संजय झा ने कहा कि ‘बिहार में गहन मतदाता पुनरीक्षण (SIR) हुआ है, बिहार पूरे देश को ये दिखाएगा कि SIR कैसे होता है.’

संजय झा ने कहा कि उनकी पार्टी ने चुनाव आयोग से आग्रह किया है कि पूरे राज्य में एक चरण में चुनाव कराए जाएं.अगर महाराष्ट्र में एक चरण में चुनाव हो सकते हैं, तो फिर बिहार में एक ही चरण में मतदान क्यों नहीं कराया जा सकता है..बिहार में कानून-व्यवस्था अच्छी स्थिति में है, इसलिए एक ही चऱण में चुनाव कराया जाना चाहिये.”

वहीं जेडीयू के ही उमेश कुशवाहा ने कहा कि उनकी पार्टी ने चुनाव आयोग सुझाव दिया है कि पूरे राज्य में एक ही चरण में कराए जाने चाहिए. चुनाव की तारीख छठ पर्व के पास रखी जाये तो इस त्योहार के लिए अपने अपने घर आने वाले मतदाताओं के लिए वोट डालना आसान हो जायेगा.

भाजपा के बिहार प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने कहा कि उनकी पार्टी ने चुनाव आयोग और  राजनीतिक दलों से अनुरोध किया है कि ये सुनिश्चित किया जाना चाहये कि मतदान के बाद शाम को  मतदान समाप्त होने पर उनके पोलिंग एजेंट फॉर्म 17C ज़रूर जमा कर लें.

 6 अक्टूबर के बाद बिहार चुनाव की तारीखों का ऐलान

आपको बता दें कि बिहार में चुनाव की तारीखों की घोषणा से पहले अंतिम तैयारियों का जायजा लेने केंद्रीय चुनाव आयोग की टीम अभी बिहार में है. 5 अक्टूबर को चुनाव आयोग की टीम देर शाम तक दिल्ली लौट जायेगी. अनुमान लगाया जा रहा है कि 6 अक्टूबर के बाद किसी भी दिन बिहार में चुनाव के लिए तारीखों का ऐलान हो सकता है.

बिहार में नई विधानसभा का गठन 22 नवंबर से पहले होगा क्योंकि बिहार विधानसभा का कार्यकाल 22 नवंबर को समाप्त हो रहा है. इसलिए निर्वाचन की सारी प्रक्रिया यानी मतदान और मतगणना किसी भी सूरत में 22 नवंबर से पहले समाप्त कर ली जायेगी. उम्मीद जताई जा रही है कि बिहार में मतदान की प्रक्रिया कम से कम दो चरणों में पूरी की जायेगी.

Latest news

Related news