ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा के बिसरख कोतवाली क्षेत्र स्थित महागुन मायवुड्स सोसायटी में शुक्रवार की अलसुबह एक बेहद ही हृदयविदारक दुर्घटना सामने आई है, जहाँ 23वीं मंजिल से गिरने के कारण पिता और उनके 11 वर्षीय मासूम बेटे की दर्दनाक मौत हो गई। यह भीषण हादसा सुबह लगभग साढ़े चार बजे उस समय हुआ जब बच्चा बालकनी के पास लगे पौधों से पूजा के फूल तोड़ने का प्रयास कर रहा था। इसी दौरान सीढ़ी से उसका संतुलन बिगड़ गया और वह नीचे फिसलने लगा, जिसे बचाने के फेर में पिता का पैर भी फिसल गया और दोनों इतनी विशाल ऊंचाई से सीधे नीचे आ गिरे। आनन-फानन में दोनों को गंभीर हालत में नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस दुखद घटना के बाद से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
खाटू श्याम मंदिर जाने की तैयारी के दौरान घटी हृदयविदारक घटना
बिसरख कोतवाली पुलिस द्वारा की गई प्रारंभिक छानबीन में यह तथ्य सामने आया है कि मृतक रणदीप पात्रा (40 वर्ष) को शुक्रवार की सुबह अपने पूरे परिवार के साथ खाटू श्याम मंदिर के दर्शन के लिए प्रस्थान करना था। तड़के जल्दी निकलने की योजना के तहत मंदिर जाने से पूर्व पूजा-अर्चना की तैयारी चल रही थी। इसी सिलसिले में पिता और उनका 11 वर्षीय बेटा आरव बालकनी के समीप लगे फूलों को तोड़ने गए थे। फूल तोड़ने के लिए वहां रखी सीढ़ी का सहारा लिया जा रहा था, तभी अचानक सीढ़ी फिसलने से यह भयावह हादसा घटित हो गया और दोनों 23वीं मंजिल से सीधे धरातल पर आ गिरे।
सोसायटी में छाया सन्नाटा और पुलिस की वैधानिक कार्रवाई
सुबह-सुबह घटी इस दर्दनाक घटना की भनक लगते ही पूरी सोसायटी में अफरा-तफरी और चीख-पुकार का माहौल बन गया। पड़ोसियों और परिजनों ने तुरंत मौके पर पहुँचकर दोनों को अस्पताल पहुँचाने की कोशिश की, मगर अत्यधिक ऊंचाई से गिरने के कारण लगे गंभीर आघातों से उनकी जीवनलीला समाप्त हो चुकी थी। सूचना मिलने पर बिसरख थाना पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर दोनों शवों का पंचनामा भरा और उन्हें पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परिजनों के बयानों तथा अन्य प्रत्यक्ष साक्ष्यों को ध्यान में रखकर आगे की वैधानिक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। एक साथ घर के दो चिरागों के बुझ जाने से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरी सोसायटी में शोक की लहर व्याप्त है।

