Uttarakhand Red alert देहरादून : उत्तराखंड में जारी मूसलाधार बारिश और संभावित आपदाओं से निपटने के लिए राज्य सरकार और प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खुद प्रदेश भर में बारिश की स्थिति और आपदा प्रबंधन की तैयारियों का फीडबैक लिया है. मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों को हाई अलर्ट पर रखा गया है.
शनिवार को सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने पूरे दिन राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र में मौजूद रहकर प्रदेश भर की स्थिति की लगातार समीक्षा की. उन्होंने सभी जनपदों के अधिकारियों से वार्ता कर वर्षा और संभावित चुनौतियों की जानकारी ली.
Pauri Garhwal, Uttarakhand: District Disaster Management Officer Deepesh Kala says, “The IMD has issued an orange alert for today and a red alert for Sunday. In view of this, the District Magistrate has directed all departments to remain on alert mode…” pic.twitter.com/ApIoGdx1em
— IANS (@ians_india) September 26, 2026
Uttarakhand Red alert :27 सितंबर को कहां कितना खतरा?
मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनी को देखते हुए सचिव आपदा प्रबंधन ने सभी जनपदों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं:
रेड अलर्ट (अत्यधिक भारी बारिश): देहरादून, टिहरी गढ़वाल, पौड़ी गढ़वाल, हरिद्वार और रुद्रप्रयाग.
ऑरेंज अलर्ट (भारी बारिश): उत्तरकाशी, चमोली और ऊधमसिंह नगर.
येलो अलर्ट (मध्यम से भारी बारिश): नैनीताल, बागेश्वर, अल्मोड़ा, चंपावत और पिथौरागढ़.
संवेदनशील क्षेत्रों और भूस्खलन स्थलों पर कड़ी नजर
सचिव आपदा प्रबंधन ने जिलाधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि संवेदनशील भूस्खलन संभावित स्थलों, नदी-नालों और जलभराव (Waterlogging) वाले क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखी जाए.
“फील्ड में सभी टीमें और अधिकारी अलर्ट मोड पर हैं। किसी भी आपात स्थिति में त्वरित राहत और बचाव कार्य हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्रों को किसी भी घटना की सूचना तत्काल राज्य केंद्र को भेजने के निर्देश दिए गए हैं।” — विनोद कुमार सुमन, सचिव (आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास)
नदी-नालों और गदेरों के पास आवाजाही पर रोक
प्रशासन ने आम जनता, स्थानीय निवासियों और यात्रियों से अपील की है कि बारिश के दौरान उफान पर आए नदी-नालों और गदेरों के आसपास अनावश्यक आवाजाही न करें यात्रियों को मौसम के पल-पल अपडेट से अवगत कराने के निर्देश दिए गए हैं.
आपदा की स्थिति से निपटने के लिए पुलिस, एसडीआरएफ (SDRF), स्वास्थ्य विभाग, लोक निर्माण विभाग (PWD), विद्युत और पेयजल विभाग को आपसी समन्वय के साथ 24 घंटे तत्पर रहने के आदेश दिए गए हैं. उत्तराखंड प्रशासन ने पर्यटन के लिए आये सैलानियों से भी अपील की है कि वो जोखिम वाले स्थानों पर जाने से बचें. कहीं जाने से पहले मौसम विभाग के बारे में जानकारी जरुर ले लेतााकि किसी भी तरह की आपात स्थिति से पचा जा सके.

