UP Outsourced commission लखनऊ : उत्तर प्रदेश विधानमंडल के मानसून सत्र की शुरुआत से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए कई अहम घोषणाएं कीं. उन्होंने कहा कि सरकार एक से डेढ़ सप्ताह के भीतर आउटसोर्स कमीशन लागू करेगी, जिससे आउटसोर्स कर्मचारियों का न्यूनतम मानदेय सुनिश्चित किया जाएगा. साथ ही उन्होंने राम मंदिर, किसानों, महिला सशक्तिकरण और विपक्ष के रवैये पर भी खुलकर अपनी बात रखी.
UP Outsourced commission : आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार आउटसोर्स कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए जल्द ही आउटसोर्स कमीशन लागू करने जा रही है. इसके साथ ही आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, आशा बहनों, रसोइयों और ग्राम चौकीदारों के लिए भी उचित मानदेय सुनिश्चित करने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं. इसके लिए अनुपूरक बजट में भी प्रावधान किया गया है.
राम मंदिर पर विपक्ष को घेरा
राम मंदिर में चढ़ावे और चंदे को लेकर उठ रहे सवालों पर मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि जो लोग आज राम मंदिर में चंदा चोरी की बात कर रहे हैं, उन्होंने कभी मंदिर निर्माण के लिए एक रुपये का भी योगदान नहीं दिया.
सीएम ने कहा कि अयोध्या आंदोलन के दौरान रामभक्तों पर लाठी-गोली चलाने वाले और अदालत में मंदिर निर्माण का विरोध करने वाले आज नैतिकता की बातें कर रहे हैं. देश उनकी दोहरी राजनीति को देख रहा है.
किसानों के लिए खाद की व्यवस्था के निर्देश
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रदेश में किसानों को खाद की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए. उन्होंने कहा कि कहीं-कहीं पोर्टल की तकनीकी समस्या सामने आई थी, लेकिन किसानों को किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी.
उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार ने अब तक 3.23 लाख करोड़ रुपये से अधिक का गन्ना मूल्य भुगतान किया है और अधिकांश चीनी मिलें चार से पांच दिन के भीतर किसानों के खाते में भुगतान कर रही हैं.
विपक्ष पर साधा निशाना
सीएम योगी ने कहा कि जो दल आज किसानों की बात कर रहे हैं, उनके शासनकाल में किसानों को सिंचाई, उचित मूल्य और सुरक्षा जैसी बुनियादी सुविधाएं भी नहीं मिलती थीं. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना और अन्य योजनाओं से किसानों की आय बढ़ी है तथा कृषि निर्यात को भी नई गति मिली है.
महिलाओं और युवाओं का किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में महिला सशक्तिकरण की दिशा में उल्लेखनीय कार्य हुए हैं. वर्ष 2017 में महिला श्रमबल की भागीदारी जहां करीब 12 प्रतिशत थी, वहीं अब यह बढ़कर 37-38 प्रतिशत से अधिक हो गई है.
उन्होंने बताया कि सरकार ने नौ वर्षों में 9 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां दी हैं, जिनमें 20 प्रतिशत से अधिक महिलाएं शामिल हैं। साथ ही एक जनपद-एक उत्पाद (ODOP) और पीएम विश्वकर्मा जैसी योजनाओं के माध्यम से रोजगार के नए अवसर पैदा किए गए हैं.
विधानमंडल में सकारात्मक चर्चा की अपील
मुख्यमंत्री ने कहा कि मानसून सत्र प्रदेश के विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण है. उन्होंने विपक्ष से नकारात्मक राजनीति छोड़कर गरीब, किसान, युवा और महिलाओं से जुड़े मुद्दों पर सकारात्मक चर्चा करने की अपील की.
उन्होंने कहा कि विधानमंडल जनता की आवाज उठाने और विकास की नीतियां तय करने का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक मंच है, इसलिए सभी जनप्रतिनिधियों को सदन का समय प्रदेशहित में उपयोग करना चाहिए.
सावन और कांवड़ यात्रा का किया उल्लेख
सीएम योगी ने सावन माह और कांवड़ यात्रा का भी जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और व्यवस्थाओं के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है. उन्होंने बताया कि 7 अगस्त से विधानसभा और विधान परिषद के सदस्य भी विभिन्न धार्मिक आयोजनों में भाग लेंगे.

