‘सोनम वांगचुक को शिक्षा मंत्री बनाइए’, CJP के मंच से अरविंद केजरीवाल की नई मांग, केंद्र सरकार पर साधा निशाना

Arvind Kejriwal Sonam Wangchuk नई दिल्ली : दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को जंतर-मंतर पहुंचकर CJP के आंदोलन को अपना समर्थन दिया. इस दौरान उन्होंने 19 दिनों से अनशन पर बैठे शिक्षा सुधारक सोनम वांगचुक की सराहना करते हुए उन्हें देश का केंद्रीय शिक्षा मंत्री बनाए जाने की मांग उठाई. केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से युवाओं की आवाज सुनने की अपील करते हुए कहा कि यदि उनकी मांगों को नजरअंदाज किया गया तो भविष्य में सरकार को राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ सकता है.

Arvind Kejriwal Sonam Wangchuk:मंच पर पहुंचते ही वांगचुक को किया सलाम

जंतर-मंतर पर आयोजित कार्यक्रम में अरविंद केजरीवाल ने सबसे पहले CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके से मुलाकात की और फिर सोनम वांगचुक के पास बैठकर उनका हालचाल जाना. उनके साथ राज्यसभा सांसद संजय सिंह और दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज भी मौजूद रहे.

सभा को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने कहा कि सोनम वांगचुक अपने व्यक्तिगत हित के लिए नहीं, बल्कि देश के युवाओं और बच्चों के भविष्य के लिए 19 दिनों से अनशन कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों का सम्मान होना चाहिए जो शिक्षा व्यवस्था में बदलाव के लिए संघर्ष कर रहे हैं.

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग

केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की जरूरत है. उन्होंने सुझाव दिया कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद छोड़ देना चाहिए और उनकी जगह सोनम वांगचुक को शिक्षा मंत्री बनाया जाना चाहिए.

उन्होंने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव लाने के लिए सोनम वांगचुक जैसे शिक्षा सुधारक की आवश्यकता है. केजरीवाल ने यह भी कहा कि सरकार को युवाओं और आंदोलनकारियों की मांगों को गंभीरता से सुनना चाहिए.

अन्ना आंदोलन का भी किया जिक्र

अपने संबोधन के दौरान अरविंद केजरीवाल ने अन्ना हजारे के आंदोलन का उल्लेख करते हुए कहा कि उस समय भी जनता की आवाज को अनदेखा किया गया था. उन्होंने कहा कि किसी भी सरकार को अहंकार से बचना चाहिए और जनता की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए.

19 दिनों से अनशन पर हैं सोनम वांगचुक

सोनम वांगचुक शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर पिछले 19 दिनों से अनशन पर हैं. आंदोलन से जुड़े लोगों का दावा है कि इस दौरान उनका करीब 9 किलो वजन कम हो चुका है.

इस आंदोलन को आम आदमी पार्टी के अलावा समाजवादी पार्टी और तृणमूल कांग्रेस सहित कई विपक्षी दलों का समर्थन मिल चुका है. CJP ने 20 मार्च को संसद तक मार्च निकालने का भी ऐलान किया है. राजनीतिक समर्थन बढ़ने के बाद इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है.

Latest news

Related news