नई दिल्ली | आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की दुनिया अब केवल तकनीकी आविष्कारों तक सीमित नहीं रह गई है, बल्कि यह ग्लोबल कैपिटल मार्केट यानी शेयर बाजार का सबसे बड़ा कुरुक्षेत्र बन चुकी है। चैटजीपीटी (ChatGPT) की जनक कंपनी 'ओपनएआई' और क्लॉउड (Claude) चैटबॉट बनाने वाली 'एंथ्रोपिक' के बीच इतिहास के सबसे बड़े आईपीओ (IPO) की रेस शुरू हो चुकी है। एआई जगत की यह महासंग्राम निवेशकों, टेक इंडस्ट्री और हमारी रोजमर्रा की जिंदगी को पूरी तरह बदलने का माद्दा रखती है।
वॉल स्ट्रीट पर निवेश का महाभूकंप और नंबर वन की गद्दी के लिए जंग
एआई सेक्टर की दिग्गज कंपनी एंथ्रोपिक ने गोपनीय तरीके से अपने आईपीओ के लिए दस्तावेज जमा कर दिए हैं। इसके साथ ही ओपनएआई और एलन मस्क की अंतरिक्ष कंपनी स्पेसएक्स (SpaceX) भी इसी साल पब्लिक होने की कतार में हैं, जिससे वैश्विक वित्तीय बाजार में पूंजी की एक अभूतपूर्व सुनामी आने के आसार हैं। दिलचस्प बात यह है कि वैल्यूएशन के मोर्चे पर एंथ्रोपिक ने ओपनएआई को पीछे छोड़ दिया है। हालिया फंडिंग राउंड के बाद एंथ्रोपिक का मूल्यांकन (वैल्यूएशन) 965 बिलियन डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है, जबकि ओपनएआई की पिछली वैल्यूएशन 730 बिलियन डॉलर आंकी गई थी। एंथ्रोपिक भविष्य की अनुमानित आय (रेवेन्यू रन रेट) के मामले में भी आगे निकल चुकी है।
कोडिंग पर खास फोकस, पेंटागन का बैन और स्पेसएक्स के साथ सीक्रेट डील
एंथ्रोपिक की इस अप्रत्याशित सफलता के पीछे उसकी खास रणनीति है। जहां ओपनएआई ने इमेज जनरेशन और ब्राउजर जैसे कई तरह के टूल्स बनाए, वहीं एंथ्रोपिक ने अपना पूरा ध्यान सिर्फ 'सॉफ्टवेयर कोडिंग' को अचूक बनाने पर केंद्रित रखा। उनके नवीनतम मॉडल Claude Opus 4.5 ने कोडिंग के क्षेत्र में विशेषज्ञता हासिल की है, जिससे कॉर्पोरेट ग्राहक इसकी ओर तेजी से खिंचे चले आ रहे हैं। हालांकि, कंपनी की 'मायथोज' नामक सुरक्षा तकनीक को लेकर अमेरिकी रक्षा विभाग (पेंटागन) और खुफिया एजेंसियां इतनी सतर्क हो गईं कि उन्होंने इस पर अस्थाई प्रतिबंध लगा दिया। इस रेस का सबसे रोमांचक मोड़ एंथ्रोपिक की स्पेसएक्स के साथ हुई डील है, जिसके तहत वे एलन मस्क के मेम्फिस स्थित 'Colossus 1' डेटा सेंटर के 2,20,000 एआई चिप्स का उपयोग करेंगे।
एलन मस्क के 'ट्रिलियनेयर' बनने की राह और निवेशकों के लिए जरूरी चेतावनी
इस आईपीओ बाजार से न केवल टेक कंपनियों को फायदा होगा, बल्कि इसके चलते स्पेसएक्स के आधे मालिक एलन मस्क दुनिया के पहले 'ट्रिलियनेयर' (लाख करोड़पति) बन सकते हैं। साथ ही, दोनों एआई कंपनियों ने अपने शेयरों का एक बड़ा हिस्सा समाज कल्याण के लिए दान करने का संकल्प लिया है। हालांकि, वित्तीय विश्लेषकों और डॉयचे बैंक की रिपोर्ट ने निवेशकों को थोड़ा संभलकर चलने की सलाह दी है। जानकारों का मानना है कि जब ये कंपनियां शेयर बाजार में लिस्ट होंगी और इनके वास्तविक वित्तीय खाते सार्वजनिक होंगे, तभी इनके बिजनेस मॉडल की असल मजबूती का पता चलेगा। उम्मीद जताई जा रही है कि स्पेसएक्स और ओपनएआई के आईपीओ आने वाले कुछ हफ्तों में दस्तक दे सकते हैं, जबकि एंथ्रोपिक साल के अंत तक बाजार में उतरेगी।

