बिश्केक। किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में आयोजित 26वें शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन के दौरान ली गई आधिकारिक 'फैमिली फोटो' को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) द्वारा सोशल मीडिया पर जारी की गई एक संपादित तस्वीर में प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ को केंद्र में दिखाया गया, जिसके लिए भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई प्रमुख राष्ट्राध्यक्षों को मूल तस्वीर से क्रॉप (हटा) दिया गया।
मूल तस्वीर बनाम पाकिस्तानी संस्करण
सम्मेलन स्थल पर ली गई वास्तविक ग्रुप फोटो में एससीओ महासचिव, बेलारूस, भारत, ईरान, कजाकिस्तान, चीन, किर्गिस्तान, रूस, पाकिस्तान, ताजिकिस्तान और उज्बेकिस्तान के शीर्ष नेता तथा क्षेत्रीय आतंकवाद रोधी संरचना (RATS) के प्रमुख एक कतार में खड़े थे।
हालांकि, पाकिस्तान के पीएमओ द्वारा जारी की गई तस्वीर में बड़ा फेरबदल देखने को मिला:
शहबाज शरीफ को दिखाया केंद्र में: तस्वीर के बाएं हिस्से को काटकर ऐसा रूप दिया गया जिससे पाकिस्तानी प्रधानमंत्री तस्वीर के मध्य में नजर आएं।
कई वैश्विक नेताओं को हटाया: इस कांट-छांट के चलते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान, कजाख राष्ट्रपति और बेलारूसी राष्ट्रपति तस्वीर से पूरी तरह गायब हो गए।
सोशल मीडिया पर आलोचना: दोनों तस्वीरों की तुलना सामने आने के बाद राजनयिक मर्यादा और फोटो में की गई छेड़छाड़ को लेकर ऑनलाइन मंचों पर तीखी बहस शुरू हो गई।
एससीओ सम्मेलन में भारत का कड़ा संदेश
संगठन की 25वीं वर्षगांठ पर आयोजित इस शिखर सम्मेलन में क्षेत्रीय सुरक्षा, कनेक्टिविटी और आर्थिक सहयोग पर विस्तृत चर्चा हुई। मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सीमा पार आतंकवाद और दोहरे मापदंडों पर तीखा प्रहार किया:
आतंकवाद के इकोसिस्टम पर वार: प्रधानमंत्री ने आतंकी फंडिंग, भर्ती नेटवर्क, कट्टरपंथ और सुरक्षित पनाहगाहों को पूरी तरह नष्ट करने का आह्वान किया।
दोहरे रवैये की निंदा: उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि आतंकवाद को नीति के रूप में इस्तेमाल करने और आतंकियों को शरण देने वाले देशों को स्पष्ट व कड़ा संदेश दिया जाना आवश्यक है।
कूटनीति और संवाद: पीएम मोदी ने क्षेत्रीय विवादों के शांतिपूर्ण समाधान के लिए कूटनीतिक संवाद और संपर्क बढ़ाने पर जोर दिया।

