इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2026 का रोमांच अब अपने चरम पर पहुंच चुका है। रविवार को इस सीजन के महामुकाबले में गुजरात टाइटंस और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की टीमें खिताबी भिड़ंत के लिए आमने-सामने होंगी। यह ग्रैंड फिनाले अहमदाबाद के प्रतिष्ठित नरेंद्र मोदी स्टेडियम में शाम 7:30 बजे से खेला जाएगा। इस खिताबी जंग से ठीक पहले सोशल मीडिया पर क्रिकेट प्रेमियों के बीच एक दिलचस्प 'फैन थ्योरी' तेजी से सुर्खियां बटोर रही है। इस थ्योरी में एक अनोखा दावा किया गया है कि आईपीएल 2024 और 2025 में टीमों के खिताब जीतने के पीछे अनजाने में हार्दिक पांड्या का एक खास कनेक्शन रहा था।
क्या है कप्तानों की पोजीशन का यह दिलचस्प इत्तेफाक?
इंटरनेट पर वायरल हो रही इस थ्योरी के मुताबिक, टूर्नामेंट की शुरुआत से पहले होने वाले आधिकारिक 'कैप्टेंस फोटोशूट' (Captains Meet) में जो भी कप्तान हार्दिक पांड्या के बिल्कुल बगल में खड़ा होता है, उसकी किस्मत चमक जाती है। अंधविश्वास और इत्तेफाक के इस समीकरण में माना जा रहा है कि हार्दिक के ठीक दाईं (Right) तरफ खड़े होने वाले कप्तान की टीम ही ट्रॉफी उठाती है।
आंकड़ों पर गौर करें तो साल 2024 के कैप्टेंस मीट में कोलकाता नाइट राइडर्स के तत्कालीन कप्तान श्रेयस अय्यर हार्दिक के दाईं ओर खड़े नजर आए थे और अंत में केकेआर चैंपियन बनी। इसके अगले साल, यानी आईपीएल 2025 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के कप्तान रजत पाटीदार ठीक इसी पोजीशन पर खड़े दिखे और आरसीबी ने अपना पहला ऐतिहासिक खिताब जीता। अब दिलचस्प बात यह है कि आईपीएल 2026 के कैप्टेंस मीट में हार्दिक पांड्या के ठीक दाईं तरफ गुजरात टाइटंस के कप्तान शुभमन गिल खड़े थे। शुरुआती झटकों के बाद गुजरात ने जिस तरह शानदार वापसी करते हुए फाइनल का टिकट कटाया है, उसे देखकर फैंस कयास लगा रहे हैं कि यह अंधविश्वास सच साबित हो सकता है।
साल 2023 से जुड़ा है एक और पुराना किस्सा
फैन थ्योरी को हवा देने वाले सोशल मीडिया यूजर्स का कहना है कि यह सिलसिला साल 2023 से ही चल रहा है। उस वक्त चेन्नई सुपर किंग्स के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी भी कैप्टेंस मीट में हार्दिक के साथ ही खड़े थे, हालांकि तब वह उनकी बाईं (Left) तरफ थे, फिर भी बाजी सीएसके के हाथ लगी थी। अब इंटरनेट पर पिछले तीन सीजनों की तस्वीरें साझा करते हुए क्रिकेट फैंस दावा कर रहे हैं कि इस बार गिल की सेना ही खिताब पर कब्जा करेगी।
यह अनोखा संयोग हकीकत में तब्दील होता है या सिर्फ एक मीम बनकर रह जाता है, इसका फैसला तो 31 मई की रात को मैदान पर ही होगा। फिलहाल दोनों ही टीमें खिताब जीतने के लिए जी-तोड़ अभ्यास में जुट गई हैं। रजत पाटीदार की कप्तानी में जहां बेंगलुरु लगातार दूसरी बार फाइनल का दबाव झेलने उतरेगी, वहीं गुजरात टाइटंस ने पिछले पांच सालों में तीसरी बार फाइनल में जगह बनाई है। शुभमन गिल के नेतृत्व में गुजरात का यह पहला फाइनल है, इससे पहले साल 2022 और 2023 में टीम की कमान खुद हार्दिक पांड्या के हाथों में थी।

