नई दिल्ली | दक्षिणी दिल्ली के लोधी कॉलोनी इलाके में शुक्रवार की सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां सीवेज पाइपलाइन के निर्माण कार्य के दौरान एक दीवार अचानक भरभराकर गिर गई। इस हादसे की वजह से वहां काम कर रहे तीन मजदूर मलबे की चपेट में आकर उसके नीचे दब गए। दुर्घटना की खबर मिलते ही स्थानीय प्रशासन और दमकल विभाग की गाड़ियां तुरंत राहत और बचाव कार्य के लिए घटना स्थल पर पहुंच गईं।
मलबे से निकाला गया बाहर
दमकल विभाग को जैसे ही लोधी होटल के पास हुए इस हादसे की सूचना मिली, वैसे ही दमकल की तीन गाड़ियां राहत कार्य के लिए रवाना की गईं। राहत कर्मियों के घटना स्थल पर पहुंचने से पहले ही वहां मौजूद स्थानीय लोगों ने मुस्तैदी दिखाते हुए मलबे में दबे तीन में से दो मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया था। इसके बाद मौके पर पहुंचे दमकल कर्मियों ने काफी मशक्कत कर तीसरे फंसे हुए व्यक्ति को मलबे से बाहर निकाला और तुरंत इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया।
एक की मौत और दो घायल
अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने मलबे से देर से निकाले गए व्यक्ति को मृत घोषित कर दिया, जिसकी पहचान देवेंद्र (55 वर्ष) के रूप में हुई है। वहीं स्थानीय लोगों द्वारा पहले ही बचाए गए दोनों घायलों की पहचान राजेश (48 वर्ष) और उमर (20 वर्ष) के तौर पर की गई है। दोनों घायल मजदूरों को इलाज के लिए एम्स (AIIMS) ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उनका उपचार जारी है।
हादसे के कारणों की जांच शुरू
इस दुखद घटना के बाद स्थानीय पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए हादसे के कारणों की बारीकी से जांच शुरू कर दी है। पुलिस द्वारा की गई शुरुआती छानबीन में यह बात सामने आई है कि सीवेज पाइपलाइन के लिए की जा रही खुदाई के कारण पास की दीवार की नींव कमजोर हो गई थी, जिसके चलते वह अचानक ढह गई और यह बड़ा हादसा हो गया।

