Tuesday, March 3, 2026

Young Scientist Gopalji : नवगछिया के गोपालजी ने बनाया ह्यूमन रोबर, प्रेजेंटेशन के लिए टीम के साथ जायेंगे NASA

भागलपुर :  हिंदुस्तान के सबसे युवा स्पेस साइंटिस्ट के तौर पर अपनी खास पहचान बनाने वाले 22 वर्षीय गोपाल जी Young Scientist Gopalji NASA जाने की तैयारी में हैं. गोपाल जी ने नासा के Moon Mission के लिए एक ह्यूमन रोबर तैयार किया है .नासा के मून मिशन के लिए दुनिया भर से 30 टीमों का चयन हुआ है , जिसमें  बिहार के नवगछिया के गोपालजी एक हैं. गोपाल जी की संस्था भारत की ओर से यंग माइंड एंड रिसर्च डेवलपमेंट के लिए चयननित होने वाली अकेली गैर सरकारी संस्था (NGO) है.

Young Scientist Gopalji ने तैयार किया है Human Robber

नासा की ह्यूमन एक्सप्लोरेन्स रोवर चैलेंज के लिए 19 और 20 अप्रिल को होने वाले  एक कार्यक्रम के लिए बिहार के नवगछिया के गोपाल जी और उनकी संस्था का चयन  किया गया है. गोपाल जी की संस्था  यंग माइंड एंड रिसर्च डेवलेपमेंट (YMRD) भारत से इस कार्यक्रम के लिए चुनी गई अकेली एनजीओ है.गोपाल जी की टीम ने चंद्रमा पर उतरने वाला रोबर बनाया है, जिसका गोपाल जी नासा में प्रेजेंटेशन देंगे. नासा में 19-20 अप्रैल को प्रेजेंटेशन के लिए कार्यक्रम रखा गया है. गोपाल जी की टीम ने ये रोबर 10 लाख की लागत से तैयार किया है.

क्या है ह्यूमन रोबर और कैसे काम करता है ये रोबर?

इस ह्यूमन रोबर को लेकर सभी के मन में उस्सुकता है कि आखिर ये रोबर क्या है और कैसे काम करता है. इसके बारे में युवा साइंटिस्ट  गोपाल जी ने बताते है कि कि हाल ही में हमारे चंद्रयान ने चंद्रमा के साउथ पोल पर सफल लैंडिंग की है. वहां सभी लोगों ने रोबर को देखा. वहां रोबर चंद्रमा की सतह पर निकला और हमें डेटा भेज रहा है. रोबर वो  यंत्र है जिसके जरिये वैज्ञानिक यंत्र को चंद्रमा पर भेजते हैं. नासा इस समय मून मिशन के तहत इंसान को चंद्रमा पर भेजने की तैयारी में है. गोपालजी कहते हैं कि हमने वही रोबर बनाया है जिसमें बैठकर इंसान चंद्रामा पर जायेगा.  अब इनोवेशन का NASA में प्रेजेंटेशन होगा. गोपाल जी का कहना है कि इस प्रतियोगतिया में अब तक भारत जीता नहीं है, लेकिन इस बार भारत को जरुर गोल्ड मेडल दिलायेंगे.

Latest news

Related news