Wednesday, July 8, 2026
Home Breaking News MP Nursing colleges scam: मध्यप्रदेश हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 19 नर्सिंग कॉलेज...

MP Nursing colleges scam: मध्यप्रदेश हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 19 नर्सिंग कॉलेज की मान्यता रद्द

0
1941
JABALPUR HIGHCOURT
JABALPUR HIGHCOURT

भोपाल  मध्यप्रदेश नर्सिंग घोटाला (MP Nursing colleges scam) मामले में सख्त रुख अपनाते हुए हाइकोर्ट ने 19 नर्सिंग कॉलेजों की मन्यता रद्द कर दी है. कोर्ट ने इस मामले (MP Nursing colleges scam) में सरकार पर कड़ी टिप्पणी करते हुए ग्वालियर बेंच मे चल रहे 40 मामलों को जबलपुर हाई कोर्ट में ट्रांसफर करने के आदेश दे दिये हैं.

 सरकार के फैसले पर न्यायाधीश ने जताई हैरानी

मध्यप्रदेश में हुए नर्सिग घोटाला मामले में एमपी लॉ स्टूडेंट एसोसियेशन के अध्यक्ष एडवोक्ट विशाल बघेल की याचिका पर सुनवाई करते हुए  हाइकोर्ट में चीफ जस्टिस मलिमथ और जस्टिस विशाल मिश्रा की पीठ ने फैसला सुनाया.

सरकार की तरफ से हाइकोर्ट को ये जनकारी दी गई कि पूर्व रजिस्ट्रार सुनीता शिजू को भोपाल से इंदौर ट्रांसफर कर दिया गया है . हाइकोर्ट ने पहले के आदेश में  सुनीता शिजू से उनके नर्सिंग काउंसिल के पद पर रहते हुए अनियमितताओं पर नोटिस जारी कर जवाब मांगा था लेकिन  जवाब संतोषजनक ना पाये जाने पर उनके खिलाफ विभागीय जांच की कार्रवाई हुई.

कोर्ट में पेश किये गये दस्तावेजों के आधार पर पाया गया कि मामले में कार्रवाई करने में जानबूझ कर देरी की गई. हाइकोर्ट ने सरकार को पूर्व रजिस्ट्रार सुनीता शिजू का पूरा सर्विस रिकार्ड अदालत में पेश करने के भी आदेश दिये, साथ ही इस बात पर भी हैरानी जताई कि आरोपों का समाना कर रही अधिकारी को सरकार ने भोपाल से इंदौर किस तरह से ट्रांसफर पोस्टिंग दे दी. यहीं पर याचिकाकर्ता की तरफ से इस मामले के में एक और बड़ी जानकारी कोर्ट को दी गई जिसमें कहा गया है कि एक अन्य दोषी को नया रजिस्ट्रार बना दिया गया है.

नई रजिस्ट्रार स्टेला पीटर पर भी हैं कई आरोप

मध्यप्रदेश सरकार ने जबलपुर नर्सिंग कॉलेज की प्रभारी प्राचार्य स्टेला पीटर को नर्सिंग काउंसिल का नया रजिस्ट्रार बनाया है. स्टेला पीटर के बारे में याचिकाकर्ता ने कुछ दस्तावेज पेश किया जिसमें बताया कि स्टोला पीटर ने 2020 में किस तरह से इंस्पेक्टर के पद पर रहते हुए ग्वालियर संभाग के 46 कॉलजों को मान्यता के लिए अनुशंसा की थी,.  2021 में हाईकोर्ट के आदेश के बाद जब जांच की गई तो पता चला कि 70 कॉलेज स्टैडर्ड के अनुरुप नहीं थे. जो कालेज स्टैंडर्ड के अनुरुप नहीं थे उनमें से 16 कॉलेज सुनीता शीजू की अनुशंसा पर खोले गये थे.

याचिकाकर्ता ने दस्तवेजों के माध्यम से कोर्ट को ये भी बताया कि 2020 में 660 कॉलेजों को मान्यता देने वाली  कार्यकरिणी में सुनीता शीजू भी सदस्य थी. अब उन 660 कॉलजों में 200 से ज्यादा कालेज बंद हो चुके हैं  और उनकी मान्यता रद्द हो चुकी है.

हाईकोर्ट के आदेश के बाद बंद होने वाले 19 नर्सिंग कॉलेज

1.सुख सागर कॉलेज जबलपुर

2.आरके नर्सिंग कॉलेज दतिया

3.ज्ञान स्कूल ऑफ नर्सिंग धार

4.इंदौर इंटरनेशनल कॉलेज धार

5.जेबी इंस्टिट्यूट ऑफ़ नर्सिंग,ग्वालियर

6.वैष्णवी इंस्टिट्यूट, ग्वालियर.

7.सैलाना कॉलेज ऑफ नर्सिंग रतलाम

8.टेक्नोक्रेट्स स्कूल ऑफ नर्सिंग भोपाल.

9.टीडी इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज, रीवा

10.जीएनएस नर्सिंग कॉलेज दतिया

11.अभिषेक नर्सिंग कॉलेज ग्वालियर

12.श्री स्वामी महाराज कॉलेज आफ नर्सिंग,दतिया

13.एनआरआई इंस्टिट्यूट ऑफ़ नर्सिंग,भोपाल

14. श्री रविंद्रनाथ टैगोर इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज खंडवा.

15.बीआईपीएस स्कूल ऑफ नर्सिंग ग्वालियर

16 सर्वधर्म स्कूल ऑफ नर्सिंग, ग्वालियर

17.मधुबन स्कूल ऑफ नर्सिंग, इंदौर

18 पीजी कॉलेज ऑफ नर्सिंग ग्वालियर.