Jitan Manjhi on Bihar boy Murder : दिल्ली में बिहार के खगड़िया निवासी युवक की हत्या पर राजनीति गरमा गई है। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी के एक असंवेदनशील बयान ने पीड़ित परिवार के जख्मों पर नमक छिड़कने का काम किया है.
यंत्र-तंत्र और षड्यंत्र से जितने वाले NDA नेता ऐसे ही बेशर्म, असंवेदनशील, अमानवीय, बेरहम, बेपरवाह, निर्मम और निष्ठुर होते है।
दिल्ली में एक बिहारी युवक की गृहमंत्री अमित शाह के अधीन दिल्ली पुलिस ने केवल बिहारी होने के नाते गोली मारकर हत्या कर दी। अपने अंदर समाहित निर्लज्जता,… pic.twitter.com/a2yxYHVQlj
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) April 29, 2026
Jitan Manjhi on Bihar boy Murder :”मार दिया तो मार दिया”
दिल्ली के उत्तम नगर में बिहार के खगड़िया निवासी डिलीवरी बॉय पांडव कुमार की हत्या ने सबको झकझोर कर रख दिया है लेकिन इस दुखद घटना पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी के बयान ने सियासी आग लगा दी है. मांझी ने मीडिया से बात करते हुए कहा, “इसमें कौन बड़ी बात है भाई, मार दिया तो मार दिया. कोई ऐसे ही जानबूझकर किसी को नहीं मार देता है. इसकी जांच होगी.”
सत्ता के शीर्ष पर बैठे मंत्री के इन शब्दों ने न केवल पीड़ित परिवार को आहत किया है, बल्कि सार्वजनिक रूप से लोगों के गुस्से को भी बढ़ा दिया है.
तेजस्वी यादव का पलटवार: “मांझी माफी मांगें”
बिहार विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने इस बयान को ‘बेहद घटिया’ करार दिया है. तेजस्वी ने हमला बोलते हुए कहा कि बिहार में 21 साल से एनडीए की सरकार है और जिस युवक की हत्या हुई उसकी उम्र भी 21 साल थी.
तेजस्वी ने कहा, “सरकार हर बात के लिए विपक्ष को जिम्मेदार ठहराती है. दिल्ली में बिहारी बोलने पर युवक की छाती में गोली मार दी जा रही है. यह अमित शाह जी की पुलिस के नाक के नीचे हो रहा है. मांझी जी को अपने इस शर्मनाक बयान के लिए तुरंत माफी मांगनी चाहिए.”
विवाद बढ़ा तो मांझी ने सोशल मीडिया पर दी सफाई
चारों तरफ से घिरने के बाद जीतन राम मांझी के सुर बदले नजर आए. उन्होंने देर रात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर पोस्ट कर घटना पर दुख जताया. उन्होंने लिखा कि पांडव कुमार की हत्या अत्यंत दुखद है और दोषियों पर सख्त कार्रवाई उनकी प्राथमिकता है. हालांकि, तब तक उनका पुराना बयान वायरल हो चुका था.
नीतीश सरकार ने किया मुआवजे का ऐलान
इस बीच, बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मृतक के परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की है. राज्य सरकार ने पीड़ित परिवार को कुल 8 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है.
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4 लाख रुपये: श्रम संसाधन विभाग की ओर से।
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4 लाख रुपये: मुख्यमंत्री राहत कोष से।

