5 Lakh Medical Ins To UP Teachers : उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश के शिक्षकों और शिक्षामित्रों को बड़ा गिफ्ट दिया है. राज्य का बजट पेश करने से पहले ही योगी सरकार ने शिक्षा जगत से जुड़े कर्मचारियों के लिए कैशलेस मेडिकल बीमा योजना को मंजूरी दी है. इस योजना के अंतर्गत शिक्षकों और शिक्षा मित्रों को पांच लाख रुपए तक का इलाज मुफ्त मिल सकेगा.
5 Lakh Medical Ins To UP Teachers:11 फरवरी को पेश होगा बजट
गुरुवार को लखनऊ के लोकभवन में सीएम योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में बैठक हुई, जिसमें कैबिनेट के वरिष्ठ मंत्री शामिल हुए. बैठक करीब दो घंटे तक चली. इस बैठक में कुल 32 प्रस्ताव रखे गए, जिसमें से 30 प्रस्तावों पर कैबिनेट की मुहर लग गई. कैशलेश मेडिकल भी इनमें से एक है. इसके अलावा बैठक में प्रदेश का अगला बजट सत्र बुलाने और बजट पेश करने की तारीखों का पर मुहर लगी. उत्तर प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र 9 फरवरी से शुरु होगा और 11 को राज्य का बजट पेश किया जायेगा.
किस-किस को मिलेगा 5 लाख तक का कैशलेश इलाज?
योगी सरकार ने राज्य के माध्यमिक और बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षकों के साथ-साथ रसोइयों और अन्य कार्मिकों के लिए भी कैशलेस मेडिकल बीमा का प्रावधान किया है.इसके साथ ही उन विद्यालयों को शिक्षकों को भी केशलेश मेडिकल बीमा का लाभ मिलेगा, जो अशासकीय सहायता प्राप्त स्कूलों और स्ववित्तपोषित स्कूलों मे काम करते हैं. कैशलेश इलाज योजना का लाभ बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों के शिक्षकों के साथ-साथ शिक्षा मित्रों, गेस्ट शिक्षकों, अनुदेशकों, कस्तूरबा गांधी विद्यालय के स्टाफ और रसोइयों (PM पोषण योजना) को सपरिवार कैशलेस इलाज की सुविधा दी जाएगी.
कैशलेश सेवा का लाभ करीब 14 लाख शिक्षकों को मिलेगा
योगी सरकार के इस फैसले का लाभ बेसिक शिक्षा से जुड़े कुल 11 लाख 95 हजार 391 शिक्षकों और कर्मियों के साथ साथ माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले करीब 2 लाख 97 हजार 589 कर्मचारियों को भी सकेगा.इसके साथ ही सीएम फैलो को राज्य लोकसेवा आयोग और अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के तहत होने वाली नियुक्तियों में आयु सीमा में 3 साल की छूट और अनुभव के आधार पर भारांक भी मिलेंगे.
जिलों के विकास योजनाओं को कैबिनेट की मंजूरी
कैबिनेट ने गुरुवार की बैठक में बरेली और मुरादाबाद विकास प्राधिकरण को अपने-अपने जिले में विज्ञान पार्क और नक्षत्रशाला बनाने के लिए कार्यदायी संस्था नामित किया. गोरखपुर में 721 करोड़ रुपये और वाराणसी के 18 वार्डों के लिए 266 करोड़ रुपये के सीवरेज प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी गई है. इसके साथ ही लखनऊ-हरदोई बॉर्डर पर बनने वाले टेक्सटाइल पार्क के लिए सरकार ने 458 करोड़ रुपये से अधिक की जलापूर्ति योजना को मंजूरी दी है.

