अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप Donald Trump ने ईरान में हो रहे जानलेवा विरोध प्रदर्शनों के बीच नई चेतावनी दी है. अमेरिकी न्यूज चैनल न्यूज़ नेशन को दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने तेहरान को चेतावनी दी कि अगर अशांति जारी रही तो “पूरा देश उड़ जाएगा”.
ट्रम्प की यह चेतावनी इस्लामिक रिपब्लिक में सत्ता परिवर्तन की मांग करने के कुछ दिनों बाद आई है.
“अगर कुछ भी होता है, तो हम उन्हें धरती से मिटा देंगे.”-ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान की ‘पूरी तरह युद्ध’ की चेतावनी पर भी जवाब दिया और कहा: “मैंने चेतावनी दे दी है, अगर कुछ भी होता है… तो पूरा देश उड़ा दिया जाएगा.”
.@POTUS on threats from Iran: “I’ve left notification, anything ever happens… the whole country’s going to get blown up.” pic.twitter.com/oD6WpeWVoY
— Rapid Response 47 (@RapidResponse47) January 21, 2026
ट्रम्प ने आगे कहा, “अगर कुछ भी होता है, तो हम उन्हें धरती से मिटा देंगे.”
ईरान ने सुप्रीम लीडर के खिलाफ कार्रवाई पर Donald Trump को चेतावनी दी
ईरान ने मंगलवार को डोनाल्ड ट्रम्प को एक नई चेतावनी दी, जिसमें कहा गया कि अगर अमेरिका ने अयातुल्ला अली खामेनेई के खिलाफ कोई कार्रवाई की, तो तेहरान “उनकी दुनिया में आग लगा देगा.”
AP की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान के सशस्त्र बलों के प्रवक्ता जनरल अबोलफजल शेकरची ने कहा, “ट्रम्प जानते हैं कि अगर हमारे नेता की ओर आक्रामकता का कोई हाथ बढ़ाया गया, तो हम न केवल उस हाथ को काट देंगे, बल्कि उनकी दुनिया में आग भी लगा देंगे.”
ईरान की यह टिप्पणी ट्रम्प के देश में सत्ता परिवर्तन की मांग के बाद आई है. पोलिटिको के साथ एक इंटरव्यू में, ट्रम्प ने खामेनेई को “एक बीमार आदमी बताया जिसे अपने देश को ठीक से चलाना चाहिए और लोगों को मारना बंद करना चाहिए.”
अमेरिकी राष्ट्रपति की टिप्पणियां ईरान में चल रही अशांति को दिखाती हैं, जिसमें 4,500 से ज़्यादा लोग मारे गए हैं.
ईरान में जारी है विरोध प्रदर्शन
मंगलवार को अमेरिका स्थित ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज़ एजेंसी के अनुसार, विरोध प्रदर्शनों में मरने वालों की संख्या कम से कम 4,519 लोगों तक पहुंच गई है. इसके अलावा, 26,300 से ज़्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है.
ईरान में विरोध प्रदर्शन दिसंबर के आखिरी हफ्ते में बढ़ती महंगाई और रियाल की कीमत गिरने के कारण शुरू हुए थे. जबकि हजारों ईरानी सड़कों पर उतरकर कार्रवाई और सत्ता परिवर्तन की मांग कर रहे थे, सरकारी अधिकारियों ने अमेरिका और इज़राइल पर तेहरान में तनाव भड़काने और विरोध प्रदर्शनों को हवा देने का आरोप लगाया है.

