Ashok Kharat SIT Investigation : महाराष्ट्र में कथित गॉडमैन और तांत्रिक के रूप में पहचान बना चुके अशोक खरात (उर्फ कैप्टन खरात) को लेकर SIT जांच में चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं. रिटायर्ड मर्चेंट नेवी अधिकारी रहे खरात के खिलाफ गंभीर आपराधिक आरोपों के साथ-साथ अब उसकी संपत्ति और गतिविधियों को लेकर भी बड़े राज खुल रहे हैं.
Ashok Kharat SIT Investigation : गिरफ्तारी और गंभीर आरोप
नासिक पुलिस ने 17-18 मार्च 2026 को अशोक खरात को एक 35 वर्षीय महिला के साथ बार-बार दुष्कर्म के आरोप में गिरफ्तार किया था. पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने तांत्रिक और आध्यात्मिक क्रियाओं के नाम पर उसे नशीला पदार्थ देकर डराया और लंबे समय तक यौन शोषण किया.
SIT जांच में सनसनीखेज खुलासे
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार SIT जांच में अशोक खरात के पास करीब 1500 करोड़ रुपये की संपत्ति का पता चला है. जिनमें से 52 प्रॉपर्टी के दस्तावेज जांच के दायरे में है, जिसमें जमीन, फार्महाउस और बंगले आदि शामिल हैं. संपत्ति का नेटवर्क कई राज्यों तक फैला होने की आशंका है.
सरकारी फंडिंग पर भी सवाल
जांच में यह भी सामने आया है कि साल 2018 में खरात से जुड़े ईशानेश्वर महादेव ट्रस्ट को महाराष्ट्र सरकार द्वारा विकास कार्यों के लिए 1.05 करोड़ रुपये का फंड दिया गया था. अब इस फंडिंग पर भी सवाल उठ रहे हैं.
राजनीतिक कनेक्शन और अन्य आरोप
मामले में कुछ राजनीतिक कनेक्शन और प्रभावशाली लोगों के नाम सामने आने की चर्चा है, हालांकि अभी तक किसी बड़े नेता को आरोपी नहीं बनाया गया है.मानव बलि और ब्लैकमैजिक जैसे आरोप भी जांच के दायरे में है. कई महिलाएं अब सामने आ रही हैं.जांच अभी जारी है, और आगे और बड़े खुलासे की संभावना बनी हुई है .
कुल मिलाकर देखा जाये तो अशोक खरात केस अब केवल एक आपराधिक मामला नहीं रह गया है, बल्कि यह सत्ता, पैसा और अंधविश्वास के खतरनाक गठजोड़ को उजागर करता दिख रहा है. SIT की जांच आगे बढ़ने के साथ ही इस हाई-प्रोफाइल केस में और भी चौंकाने वाले तथ्य सामने आने की संभावनी बनी हुई है.

