BJP Vs RSS: इंद्रेश कुमार को राम मंदिर के पुजारी सत्येंद्र दास का जवाब, बोले- बीजेपी पर न थोपे अपनी विफलता

लोकसभा चुनाव 2024 के बाद जो चीज़ सबसे ज्यादा चर्चा में है वो है बीजेपी आरएसएस के रिश्ते BJP Vs RSS. प्रधानमंत्री के चयन से लेकर मंत्रीमंडल के गठन तक कयास लगाए जाते रहे की आरएसएस की मर्जी इसमें शामिल है कि नहीं, ऐसे में मोहन भागवत के बाद आरएसएस के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य इंद्रेश कुमार के बयान ने फिर एक बार बीजेपी को लेकर आरएसएस की नाराजगी की सामने ला दिया. हलांकि इस नाराजगी का जवाब देने बीजेपी नेता मैदान में नहीं उतरे बल्कि राम मंदिर के मुख्य पुजारी सत्येंद्र दास ने इंद्रेश कुमार को जवाब दिया है.

BJP Vs RSS: इंद्रेश जी अपनी विफलता का आरोप बीजेपी पर लगा रहे है

आरएसएस के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य इंद्रेश कुमार के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए श्री राम जन्मभूमि मंदिर के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास महाराज ने कहा कि, बीजेपी को अभिमान नहीं हो गया है. उन्होंने कहा, इंद्रेश जी हिन्दू मुसलमान की एकता के लिए प्रयास करते रहें पर ऐसा हुआ ही नहीं, लेकिन मुस्लिमों ने बीजेपी को वोट दिया ही नहीं. इंद्रेश जी अपनी विफलता का आरोप बीजेपी पर लगा रहे है.
राम मंदिर के पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास ने कहा कि बीजेपी के 240 सांसद कम नहीं है. बीजेपी ने 500 साल के विवाद को खत्म किया और राम मंदिर बनवाया. वो अपनी असफलता को बीजेपी पर थोप रहें हैं. कमी बीजेपी में नहीं इंद्रेश जी की कोशिश में है. पीएम मोदी हों या फिर सीएम योगी वो अभिमानी नहीं है.

जिस पार्टी ने भक्ति की, लेकिन अहंकारी हो गई, उसे 241 पर रोक दिया गया – इंद्रेश कुमार

गुरुवार को जयपुर के करीब कानोता में ‘रामरथ अयोध्या यात्रा दर्शन पूजन समारोह’ में बोलते हुए आरएसएस के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य ने बीजेपी पर कड़ी टिप्पणी की.
उन्होंने कहा, “जिस पार्टी ने भक्ति की, लेकिन अहंकारी हो गई, उसे 241 पर रोक दिया गया, लेकिन उसे सबसे बड़ी पार्टी बना दिया गया.” उनका इशारा नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा की ओर था, जिसे लोकसभा में 240 सीटें मिली थीं. उन्होंने स्पष्ट रूप से इंडिया ब्लॉक का हवाला देते हुए कहा, “और जिन लोगों की राम में कोई आस्था नहीं थी, उन्हें एक साथ 234 पर रोक दिया गया.”
उन्होंने कहा, ‘‘लोकतंत्र में रामराज्य का विधान देखिए, जिन्होंने राम की भक्ति की लेकिन धीरे-धीरे अहंकारी हो गए, वह पार्टी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी लेकिन जो वोट और ताकत मिलनी चाहिए थी, उसे उनके अहंकार के कारण भगवान ने रोक दिया.’’
उन्होंने कहा, “जो लोग राम का विरोध करते थे, उनमें से किसी को भी सत्ता नहीं दी गई. यहां तक कि सभी को मिलाकर नंबर दो बना दिया गया. भगवान का न्याय सच्चा और आनंददायक है.” उन्होंने कहा, “जो लोग राम की पूजा करते हैं, उन्हें विनम्र होना चाहिए और जो लोग राम का विरोध करते हैं, भगवान स्वयं उनसे निपटते हैं.” उन्होंने कहा कि भगवान राम भेदभाव नहीं करते और दंड नहीं देते. उन्होंने कहा, “राम किसी को दुखी नहीं करते. राम सभी को न्याय देते हैं. वे देते हैं और देते रहेंगे. भगवान राम हमेशा न्यायी थे और रहेंगे.”

कुमार ने यह भी कहा कि भगवान राम ने लोगों की रक्षा की और रावण का भी भला किया. इंद्रेश कुमार की यह टिप्पणी आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के उस बयान के कुछ दिनों बाद आई है जिसमें उन्होंने कहा था कि एक सच्चे ‘सेवक’ में अहंकार नहीं होता और वह ‘गरिमा’ बनाए रखते हुए लोगों की सेवा करता है.

ये भी पढ़ें-Kuwait Fire : कुवैत अग्निकांड मे मारे गये शवों को लेकर भारत पहुंचा विमान, अग्निकांड में 45 भारतीय की मौत

Latest news

Related news