दुबई से तेल अवीव जा रही एक Flydubai फ़्लाइट में इमरजेंसी घोषित होने के कुछ ही देर बाद, इज़राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के ऑफ़िस के एक प्रवक्ता ने कहा है कि हाइजैक का कोई डर नहीं था.
विमान में करीब 180 यात्री सवार थे. सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित लैंडिंग के बाद सभी यात्री पूरी तरह सुरक्षित बताए गए हैं.
पायलटों का विवाद में हुआ आपातकालीन अलर्ट ट्रिगर
दुबई से तेल अवीव जा रहे एक फ्लाईदुबई बोइंग 737 MAX विमान ने बुधवार को इमरजेंसी घोषित कर दी और उत्तरी सऊदी अरब के ऊपर से वापस लौट गया. जिसके बाद ताबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित लैंडिंग कराई गई. शुरुआती जांच और एयरलाइन सूत्रों के हवाले से सामने आया है कि कॉकपिट के अंदर पायलटों के बीच विवाद या हाथापाई हुई थी, जिसके दौरान गलती से यह आपातकालीन अलर्ट ट्रिगर हो गया. विमान में करीब 174 से 180 यात्री सवार थे और सभी पूरी तरह सुरक्षित हैं.
Flydubai फ्लाइट हाईजैक आशंका से इजराइल में मच गई थी अफरा-तफरी
लोकल रिपोर्ट्स के मुताबिक, फ़्लाइट में कुल 174 पैसेंजर थे, जिनमें 27 बच्चे थे. इमरजेंसी लैंडिंग से डर के बाद, हिब्रू मीडिया आउटलेट Ynet ने कहा कि एयरलाइन ने कन्फर्म किया है कि दो पायलटों के बीच झगड़े की वजह से हाईजैकिंग सिग्नल चालू हुआ था.
यह घटना तब हुई जब एयरक्राफ्ट ने इज़राइल की ओर उड़ते समय कुछ देर के लिए एक कोड भेजा, जिसमें संभावित गैर-कानूनी दखल का इशारा था.
टाइम्स ऑफ़ इज़राइल के मुताबिक, इस कोड को ध्यान में रखते हुए, इज़राइली अधिकारियों ने फाइटर जेट भेजे और एक इमरजेंसी मीटिंग बुलाई.
Ynet के मुताबिक, नेतन्याहू और डिफेंस मिनिस्टर इज़राइल कैट्ज़ ने भी एक अर्जेंट सिक्योरिटी कंसल्टेशन बुलाया, क्योंकि इज़राइल पुलिस ऑपरेशंस डिवीज़न ने दूसरी सिक्योरिटी एजेंसियों के साथ एक जॉइंट कमांड सेंटर बनाने का ऑर्डर दिया था. पुलिस कमिश्नर डैनी लेवी ने भी सिचुएशन का असेसमेंट किया, और रिपोर्टर्स को बताया कि वे “हर सिचुएशन” के लिए तैयार हैं.
हालांकि, बाद में पता चला कि यह घटना दो पायलटों के बीच हाथापाई की वजह से गलत अलार्म थी.
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