SP MP Ruchi Veera : विपक्ष की कई पार्टियों में टूट की खबरों के बीच उत्तर प्रदेश से एक ऐसी खबर आ रही है, जिसने समाजवादी पार्टी में टूट की आशंकाओं को बढ़ा दिया है. मामला ये हुआ है कि मुरादाबाद की सांसद रुचि वीरा ने अपनी ही पार्टी के एक स्थानीय नेता के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. रूचि वीरा ने एक राजनीतिक कार्यक्रम में आमंत्रित नहीं किया जाने के बाद और उस कार्यक्रम के लिए छपवाये गये पोस्टरों से अपनी तस्वीर गायब रहने के बाद मुरादाबाद सांसद ने सार्वजनिक रूप से तीखी नाराजगी जाहिर की है.
SP MP Ruchi Veera:पोस्टर पर जगह नहीं मिली,लगाया गुटबाजी का आरोप
यह पूरा विवाद मुरादाबाद के एक राजनीतिक कार्यक्रम से शुरू हुआ. सांसद रुचि वीरा का आरोप है कि उन्हें जानबूझकर कार्यक्रम से दूर रखा गया और पोस्टरों या बैनरों पर उनकी तस्वीर तक नहीं लगाई गई. उन्होंने इसे एक सोची-समझी रणनीति बताते हुए स्थानीय नेता पर गुटबाजी करने और पार्टी को कमजोर करने का आरोप लगाया है. हलांकि समाजवादी पार्टी के ही वरिष्ठ नेता राम जी लाल सुमन ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया और कहा कि उनके पार्टी की नेत्री ऐसा बोल ही नहीं सकती है.
Lucknow, Uttar Pradesh: Samajwadi Party MP Ramji Lal Suman reacting to the Samajwadi Party MP Ruchi Veera was not invited to a PDA conference in Moradabad, says, “The opposition need not be concerned about this. It is an internal matter of the Samajwadi Party. Differences of… pic.twitter.com/pGOlb5KRt8
— IANS (@ians_india) June 15, 2026
‘मैं यूपी से सपा की अकेली महिला सांसद हूं’
रुचि वीरा ने इस घटना को महिला सम्मान से जोड़ते हुए कहा, “मैं मुरादाबाद की पहली महिला सांसद हूं और इस समय उत्तर प्रदेश से समाजवादी पार्टी की एकमात्र महिला जनप्रतिनिधि हूं.” उन्होंने सवाल उठाया कि एक निर्वाचित महिला सांसद की इस तरह अनदेखी करना बेहद गंभीर विषय है, जिस पर पार्टी नेतृत्व को ध्यान देना चाहिए.
अखिलेश यादव पर भरोसा, स्थानीय नेता निशाने पर
सांसद ने बेहद सूझबूझ से सपा प्रमुख अखिलेश यादव को इस विवाद से दूर रखा. उन्होंने अखिलेश यादव की तारीफ करते हुए कहा कि वह महिलाओं का सम्मान करने वाले नेता हैं. रुचि वीरा ने साफ किया कि उनकी शिकायत पार्टी या राष्ट्रीय अध्यक्ष से नहीं है, बल्कि उस स्थानीय नेता से है जो ‘जोड़ने की जगह तोड़ने’ की राजनीति कर रहा है. वह इस मामले की शिकायत सीधे अखिलेश यादव से करेंगी.
आजम खान कनेक्शन और राजभर पर पलटवार
राजनीतिक गलियारों में रुचि वीरा के इस रुख को बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि उन्हें सपा के कद्दावर नेता आजम खान का करीबी माना जाता है. ऐसे में इस विवाद के तार लखनऊ तक जुड़ रहे हैं.
इसके साथ ही उन्होंने कैबिनेट मंत्री ओमप्रकाश राजभर के दावों पर पलटवार करते हुए एक बड़ा दावा किया. रुचि वीरा ने कहा कि राजभर खुद दोबारा समाजवादी पार्टी में आने के लिए उत्सुक हैं और इसके लिए संपर्क साध रहे हैं.

