Strait of Hormuz : अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव अब खाड़ी क्षेत्र के सबसे अहम समुद्री मार्ग स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर और ज्यादा गंभीर हो गया है. एक ओर अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने दावा किया है कि ईरान बातचीत के लिए झुक रहा है और उसने 10 तेल टैंकरों को सुरक्षित रास्ता दे दिया है, वहीं दूसरी ओर ईरान की सेना ने इन सभी दावों को सिरे से खारिज कर दिया है.
🚨 HOLY CRAP. President Trump just revealed the present Iran’s leaders gifted him was 8 boats of OIL through the Strait of Hormuz!
“Then they apologized for something, and SENT 2 MORE BOATS. It was 10 boats!”
“I said, well, I guess they were right, they were real! I think they… pic.twitter.com/DRQ6XRlOJ5
— Eric Daugherty (@EricLDaugh) March 26, 2026
Strait of Hormuz पर ट्रंप का दावा: ‘ईरान झुका,हमने हमला टाला’
व्हाइट हाउस में हुई एक बैठक के दौरान ट्रंप ने कहा कि ईरान ने “बड़ा दिल” दिखाते हुए पहले 8 और बाद में 10 तेल टैंकरों को गुजरने की अनुमति दी. उन्होंने इसे अपनी कूटनीतिक जीत बताते हुए कहा कि ईरान के अनुरोध पर अमेरिका ने उसके ऊर्जा ठिकानों पर संभावित हमला 10 दिनों के लिए टाल दिया है. ट्रंप के मुताबिक, यह संकेत है कि ईरान अब दबाव में है और बातचीत के रास्ते पर आगे बढ़ना चाहता है.
ईरान का पलटवार: “रास्ता अब भी बंद, चुनौती स्वीकार”
हालांकि, ईरान की ताकतवर सैन्य इकाई Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने ट्रंप के दावों को पूरी तरह खारिज कर दिया है.IRGC ने साफ कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज अब भी बंद है और अगर किसी देश ने इस रास्ते को खोलने की कोशिश की तो उसे कड़ा जवाब दिया जाएगा. ईरान ने यह भी चेतावनी दी है कि अमेरिका या उसके सहयोगी देशों से जुड़े किसी भी जहाज को इस मार्ग से गुजरने की अनुमति नहीं दी जाएगी.
🚨🚨 Big Big Breaking 🇵🇰
Iran destroys Pakistan oil tanker that attempted to pass through the Strait of Hormuz without permission…..See more pic.twitter.com/755pTQ22Oe
— Global Report Now (@GlobalReportNow) March 27, 2026
बढ़ता तनाव, हर घंटे बदलते दावे
अमेरिका और ईरान के बीच यह टकराव अब ऐसे मोड़ पर पहुंच गया है जहां हर घंटे नए दावे और धमकियां सामने आ रही हैं.
एक तरफ ट्रंप बातचीत को सकारात्मक बता रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ ईरान का सख्त रुख संकेत देता है कि वह किसी भी दबाव में आने को तैयार नहीं है.
ट्रंप ने 6 अप्रैल तक सैन्य कार्रवाई टालने की बात कही है, लेकिन ईरान की चेतावनी से साफ है कि हालात अभी भी बेहद तनावपूर्ण हैं.
क्या पर्दे के पीछे चल रही है कोई डील?
अब दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या यह सिर्फ बयानबाजी है या फिर पर्दे के पीछे कोई बड़ी कूटनीतिक डील तैयार हो रही है. स्ट्रेट ऑफ होर्मुज जैसे अहम समुद्री मार्ग पर जारी यह विवाद वैश्विक तेल सप्लाई और अंतरराष्ट्रीय राजनीति दोनों पर गहरा असर डाल सकता है.

