नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को स्पष्ट किया कि भारत और बेल्जियम, यूक्रेन तथा पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) में जारी सैन्य संघर्षों के शीघ्र व शांतिपूर्ण समाधान के पक्षधर हैं। उन्होंने रेखांकित किया कि किसी भी अंतरराष्ट्रीय विवाद का स्थायी हल केवल संवाद और कूटनीति के माध्यम से ही संभव है। प्रधानमंत्री मोदी ने बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर के साथ आयोजित उच्चस्तरीय द्विपक्षीय वार्ता के उपरांत संयुक्त प्रेस वार्ता में यह बात कही।
क्षेत्रीय एवं वैश्विक शांति पर साझा प्रतिबद्धता
द्विपक्षीय वार्ता के मुख्य बिंदुओं को साझा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "आज की बैठक में हमने वैश्विक और क्षेत्रीय विषयों पर गहन मंथन किया। भारत और बेल्जियम दोनों ही लोकतांत्रिक मूल्य, कानून का शासन और कूटनीतिक वार्ताओं में अटूट विश्वास रखते हैं। चाहे यूक्रेन का संकट हो या पश्चिम एशिया में जारी तनाव, दोनों देश यथाशीघ्र शांति बहाली के प्रयासों का समर्थन करते हैं। इसके अतिरिक्त, आतंकवाद के सभी स्वरूपों को पूरी तरह समाप्त करना हमारी साझी प्राथमिकता है।"
वैश्विक अनिश्चितता के बीच भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूत स्थिति
वैश्विक चुनौतियों पर चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्तमान में विश्व भारी उथल-पुथल के दौर से गुजर रहा है। कई क्षेत्रों में जारी युद्धों के कारण ईंधन और खाद्य आपूर्ति शृंखलाएं प्रभावित हुई हैं। इसके बावजूद, भारतीय अर्थव्यवस्था ने अपनी मजबूती साबित की है। पिछली तिमाही में भारत ने 7.8 प्रतिशत की विकास दर दर्ज की है, जो आज दुनिया के लिए नए अवसरों और भरोसे का केंद्र बन रही है।
भारत-यूरोपीय संघ एफटीए से बढ़ेगी आर्थिक समृद्धि
भारत और यूरोपीय संघ (EU) के बीच प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह समझौता विश्व के दो बड़े लोकतांत्रिक क्षेत्रों के मध्य व्यापारिक स्थिरता, विकास और साझा समृद्धि का नया मार्ग प्रशस्त करेगा।
उल्लेखनीय है कि बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर अपनी तीन दिवसीय आधिकारिक भारत यात्रा पर पहुंचे हैं। यह उनका पहला भारत दौरा है। अपने दौरे के अगले चरण में 4 सितंबर को वह मुंबई का दौरा करेंगे, जहां वे डायमंड इंडस्ट्री, पोर्ट्स (बंदरगाह) और लॉजिस्टिक्स मॉडल का निरीक्षण करेंगे। उनके साथ बेल्जियम के रक्षा एवं विदेश व्यापार मंत्री थियो फ्रैंकन भी भारत प्रवास पर आए हैं।

