दिल्ली : मनीष सिसोदिया की गिरफ्तारी के विरोध में 9 विपक्षी नेताओं ने पीएम नरेंद्र मोदी को एक संयुक्त पत्र लिखा है. इसमें कहा गया है कि केंद्र सरकार केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है. इस पत्र में हेमंत विश्व शर्मा पर भी निशाना साधा गया है और लिखा है कि भाजपा में शामिल होने वाले विपक्षी नेताओं के खिलाफ जांच धीमी गति से होती है.
गवर्नर की वजह से केंद्र और राज्यों में दूरी
इस संयुक्त पत्र में सरकार द्वारा नियुक्त गवर्नर पर चुनी हुई लोकतांत्रिक सरकारों के कार्य में दखल देने का भी आरोप लगाया गया है और कहा गया है कि राज्यपाल केंद्र और राज्यों के बीच बढ़ती दरार का कारण बन रहे हैं.
विपक्षी नेताओं ने लिखी चिट्ठी
संयुक्त पत्र लिखने वालों में BRS प्रमुख चंद्रशेखर राव, JKNC प्रमुख फारूक अब्दुल्लाह, AITC प्रमुख ममता बनर्जी, NCP प्रमुख शरद पवार और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान, आरजेडी नेता तेजस्वी यादव और समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव शामिल हैं.
ईडी और सीबीआई का दुरुपयोग
पत्र में साफ तौर पर ED और सीबीआई जैसी एजेंसियों के दुरुपयोग करने की निंदा की गई है. BRS प्रमुख चंद्रशेखर राव, JKNC प्रमुख फारूक अब्दुल्लाह, AITC प्रमुख ममता बनर्जी, NCP प्रमुख शरद पवार और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने केंद्रीय एजेंसियों की खराब होती छवि पर गहरी चिंता व्यक्त की जबकि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जांच एजेंसियों की निष्पक्षता पर सवाल उठाए.
बिहार के डिप्टी सीएम और आरजेडी के चेयरपर्सन तेजस्वी यादव और समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भी केंद्र सरकार पर विपक्ष के नेताओं के खिलाफ छापेमारी करने का विरोध किया.

