Tuesday, January 27, 2026

गणतंत्र दिवस परेड में ऑपरेशन सिंदूर की गूंज, प्रहार फॉर्मेशन और ध्वज ने भरा जोश

नई दिल्ली। भारत के 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर कर्तव्य पथ पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सैन्य परेड की सलामी ली। कर्तव्य पथ पर हो रही सैन्य परेड में ऑपरेशन सिंदूर की गूंज साफ नजर आई। परेड के दौरान ध्रुव एडवांस्ड लाइट हेलीकॉप्टर (ALH) पर भारतीय सेना के ऑपरेशन सिंदूर का ध्वज दिखा।

कर्तव्य पथ पर परेड की शुरुआत में कैप्टन विजय प्रताप के नेतृत्व में प्रहार फॉर्मेशन में फ्लाईपास्ट किया गया। इसमें लेफ्टिनेंट कर्नल अहमद पाशा की ओर से उड़ाए जा रहे ध्रुव एडवांस्ड लाइट हेलीकॉप्टर (ALH) पर भारतीय सेना के ऑपरेशन सिंदूर का ध्वज दिखा। इस फ्लाईपास्ट में भारतीय सेना के ALH डब्ल्यूएचआई और भारतीय वायुसेना के एएलएच मार्क-4 हेलीकॉप्टर ने भी भाग लिया।

कर्तव्य पथ पर ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय सेनाओं की ओर से इस्तेमाल किए गए हथियारों का भी प्रदर्शन किया गया। सैन्य परेड के दौरान भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने ऑपरेशन सिंदूर फॉर्मेशन बनाया।

 

दिव्यास्त्र भारतीय सेना का स्वदेशी रूप से विकसित एक उन्नत मिसाइल सिस्टम है, जिसे आधुनिक युद्ध की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। यह अत्याधुनिक तकनीक, उच्च सटीकता और तेज प्रतिक्रिया क्षमता से लैस है। दिव्यास्त्र को विशेष रूप से दुश्मन के महत्वपूर्ण ठिकानों को कम समय में नष्ट करने के लिए डिजाइन किया गया है। इसमें आधुनिक मार्गदर्शन प्रणाली और बेहतर लक्ष्य भेदन क्षमता शामिल है, जिससे यह हर मौसम और हर परिस्थिति में प्रभावी रहता है। यह हथियार प्रणाली भारत की रक्षा आत्मनिर्भरता को मजबूत करती है और सेना की सामरिक ताकत को नई ऊंचाई देती है।

शक्तिबाण भारतीय रक्षा अनुसंधान की एक आधुनिक और स्वदेशी हथियार प्रणाली है, जिसे तेज, सटीक और प्रभावी हमले के लिए विकसित किया गया है। यह उन्नत गाइडेंस टेक्नोलॉजी से लैस है, जिससे लक्ष्य पर अत्यधिक सटीकता के साथ प्रहार किया जा सकता है। शक्तिबाण को दुश्मन की रणनीतिक और सामरिक क्षमताओं को निष्क्रिय करने के लिए डिजाइन किया गया है। इसकी खासियत कम समय में तैनाती और विभिन्न परिस्थितियों में संचालन की क्षमता है। यह प्रणाली भारतीय सेना की मारक शक्ति बढ़ाने के साथ-साथ देश की आत्मनिर्भर रक्षा नीति को भी मजबूती प्रदान करती है।

Latest news

Related news