बीजापुर। नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। एक संयुक्त कार्रवाई के दौरान जवानों ने सर्चिंग के दौरान जंगल से नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखा गया हथियारों और घातक विस्फोटक सामग्री का एक बड़ा जखीरा बरामद किया है। इस ऑपरेशन के दौरान जवानों को 15 किलोग्राम वजनी एक खतरनाक प्रेशर कुकर आईईडी (IED) भी मिला, जिसे बम निरोधक दस्ते (BDS) ने सूझबूझ से मौके पर ही डिफ्यूज कर दिया। समय रहते की गई इस कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया।
सटीक इनपुट के आधार पर चलाया गया सघन चेकिंग अभियान
सुकमा। सूत्रों से मिली पक्की और विश्वसनीय सूचना के आधार पर स्थानीय पुलिस और भारत-तिब्बत सीमा पुलिस बल (ITBP) की संयुक्त टीम ने जंगलों में मोर्चा संभाला। जवानों ने तय रणनीति के तहत पूरे इलाके की घेराबंदी की और सघन तलाशी अभियान शुरू किया। इस कंबाइंड सर्चिंग में आईटीबीपी के जांबाज, जिला पुलिस बल और बम निरोधक दस्ते के एक्सपर्ट्स शामिल थे। संवेदनशील इलाकों में खोजबीन के दौरान जवानों की नजर जंगल में छिपाकर रखे गए इस डंप पर पड़ी।
15 किलो का खतरनाक बारूदी बम मौके पर ही किया गया नष्ट
दंतेवाड़ा। सर्चिंग के दौरान मिले 15 किलो वजनी प्रेशर कुकर बम को सुरक्षा के कड़े मानकों का पालन करते हुए एक सुरक्षित और नियंत्रित ब्लास्ट के जरिए मौके पर ही नष्ट कर दिया गया। सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि अगर समय रहते इस बारूद को निष्क्रिय नहीं किया जाता, तो नक्सली किसी बड़ी वारदात को अंजाम दे सकते थे। जवानों की सतर्कता से नक्सलियों की एक बड़ी साजिश नाकाम हो गई है।
हथियारों के जखीरे में मिले मोर्टार और रॉकेट लॉन्चर
कांकेर। संयुक्त टीम ने मौके से जो सामान जब्त किया है, उसमें स्थानीय स्तर पर तैयार किया गया एक रॉकेट लॉन्चर, 16 नग देसी 51 मिमी मोर्टार राउंड, 5 नग 84 मिमी रॉकेट लॉन्चर राउंड और 10 नग बैरल ग्रेनेड लॉन्चर राउंड शामिल हैं। इसके अलावा मौके से .303 राइफल के 8 जिंदा कारतूस और 4 मिलिट्री पाउच समेत भारी मात्रा में नक्सलियों के दैनिक उपयोग की सामग्री बरामद हुई है। जब्त किए गए सभी हथियारों और बारूद को सुरक्षा एजेंसियों ने अपनी कस्टडी में ले लिया है और आगे की कानूनी जांच शुरू कर दी है।
इलाके में सर्च ऑपरेशन रहेगा जारी
जगदलपुर। इस बड़े ऑपरेशन को सफलता पूर्वक पूरा करने के बाद सभी सुरक्षा बल सुरक्षित तरीके से अपने बेस कैंप लौट आए हैं। पुलिस अधिकारियों का स्पष्ट कहना है कि अंदरूनी और संवेदनशील इलाकों में शांति व्यवस्था बनाए रखने और नक्सली गतिविधियों को पूरी तरह नेस्तनाबूत करने के लिए आने वाले दिनों में भी इस तरह के कड़े अभियान लगातार जारी रहेंगे।

