15 अगस्त को शेयर किया गया BJP विधायक का पुराना वीडियो, सुप्रिया श्रीनेत-नेहा राठौर पर केस दर्ज

रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के सिविल लाइन थाने में कांग्रेस पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत और मशहूर सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर व गायिका नेहा सिंह राठौर के खिलाफ गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रवक्ता उज्ज्वल दीपक द्वारा दर्ज कराई गई औपचारिक शिकायत के आधार पर पुलिस ने यह सख्त कानूनी कार्रवाई की है। दोनों पर आरोप है कि उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भाजपा विधायक अजय चंद्राकर से जुड़ा एक कथित तौर पर भ्रामक और पुराना वीडियो साझा किया था।

क्या है पूरा मामला और वीडियो का विवाद?

प्राप्त जानकारी के अनुसार, गत 15 अगस्त (स्वतंत्रता दिवस) के अवसर पर धमतरी जिले की कुरुद विधानसभा सीट से वरिष्ठ भाजपा विधायक अजय चंद्राकर का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर बड़े पैमाने पर वायरल किया गया था। इस वीडियो में वे भाजपा का सांगठनिक झंडा फहराते हुए नजर आ रहे थे। वीडियो को इस तरह से पेश किया गया मानो विधायक ने 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के दिन राष्ट्रीय ध्वज की बजाय पार्टी का झंडा फहराया हो।

जबकि सच्चाई यह थी कि वह वीडियो दरअसल मार्च महीने में आयोजित एक भाजपा प्रशिक्षण कार्यशाला का पुराना फुटेज था। विधायक अजय चंद्राकर ने स्वतंत्रता दिवस के दिन खुद आधिकारिक रूप से राष्ट्रीय ध्वज (तिरंगा) फहराया था और उससे जुड़े कई वीडियो अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स पर स्वयं भी साझा किए थे। विधायक ने यह भी आरोप लगाया था कि यह भ्रामक वीडियो मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पार्टी के आधिकारिक 'एक्स' (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट से भी शेयर किया गया था।

एफआईआर में इन प्रमुख नामों को किया गया शामिल

भाजपा प्रवक्ता उज्ज्वल दीपक की लिखित शिकायत के बाद पुलिस ने जिन प्रमुख लोगों के खिलाफ नामजद और अन्य एफआईआर दर्ज की है, उनमें निम्नलिखित नाम शामिल हैं:

  • सुप्रिया श्रीनेत (कांग्रेस की सोशल मीडिया एवं डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की अध्यक्ष)

  • नेहा सिंह राठौर (लोकप्रिय सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और गायिका)

  • 'जेन जी ऑफ इंडिया' (सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर संचालित एक विशेष अकाउंट)

पुलिस अधिकारियों ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि तकनीकी साक्ष्यों और प्राप्त शिकायतों के आधार पर आगे की कानूनी प्रक्रिया तेजी से की जा रही है।

विधायक अजय चंद्राकर ने खुद किया था खंडन

इस पूरे विवाद के सामने आने के तुरंत बाद भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने अपने आधिकारिक फेसबुक पेज पर एक विस्तृत पोस्ट लिखकर इन तमाम आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था। उन्होंने अपना बयान जारी करते हुए स्पष्ट किया था कि स्वतंत्रता दिवस समारोह के नाम पर जो पुराना वीडियो दुर्भावनापूर्ण तरीके से प्रसारित किया जा रहा है, वह असल में 22 मार्च को आयोजित भाजपा के एक आंतरिक प्रशिक्षण कार्यक्रम का है।

उन्होंने आगे कहा था, "मैंने 15 अगस्त के पावन दिन धमतरी जिला मुख्यालय स्थित एकलव्य खेल मैदान में आयोजित मुख्य स्वतंत्रता दिवस समारोह में बड़े गर्व के साथ राष्ट्रीय ध्वज फहराया था और तिरंगे को सलामी दी थी।" विधायक को बदनाम करने के उद्देश्य से फैलाए गए इस झूठे दुष्प्रचार के बाद अब राजनीतिक गलियारों में गर्माहट आ गई है और पुलिस ने मामले की गहनता से जांच शुरू कर दी है।

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