कोटा
कोटा (राजस्थान) के मुकुन्दरा टाइगर हिल्स रिजर्व में बाघिन एमटी-4 (Tigress MT-4) की मौत हो गई है. बाधिन एमटी-4 (Tigress MT-4) को आज सुबह ट्रेकुलाइज को किया गया था. इससे पहले उसे दो दिन पहले भी ट्रैंकुलाइज किया गया था. बताया जा रहा है कि दो दिन के अंतराल में ट्रेकुलाइजेशन को बाधिन MT-4 नहीं झेल पाई .
दम तोड़ने से पहले बाधिन ने तीन बार ली गहरी सांस
बताया जा रहा ह कि बाधिन MT-4 (Tigress MT-4) पिछले कई दिनों से बीमार थी. उसके इलाज के लिए उसे ट्रैंकुलाइज किया गया था. लेकिन डाक्टरों की कोशिश बेकार हो गई है और बाधिन MT-4 (Tigress MT-4) ने आज दम तोड़ दिया.दम तोड़ने से पहले बाधिन MT-4 (Tigress MT-4) ने तीन बार गहरी सांस ली फिर दम तोड़ दिया.
बाधिन MT-4 का इलाज इस महीने की 3 तारीख से शुरु हुआ था. जब बाघिन अस्वस्थ्य नजर आई तो उसके इलाज के लिए ट्रैंकुलाइज किया गया. डाक्टरों का कहना है कि बाधिन के पेट में मल के सूखे टुकड़े मिले, जिसे साफ करने के लिए उसे एनीमा दिया गया. शुरुआती जांच से पता चला था कि MT-4 के आंतो में सूजन था. बेहतर इलाज के लिए रणथंबौर और कोटा से विशेषज्ञ डाक्टरों की टीम मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व पहुंची थी. सुबह करीब 10 बजे बाधिन एक बार रिवाइव भी हुई लेकिन थोड़ी देर बाद ही उसकी हालत खराब होने लगी और दोपहर 1 बजकर 15 मिनट पर उसकी मौत हो गई. बाघिन के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है.
इससे पहले भी 2020 में बाधिन MT-4 एक बार शोल्डर इंजरी की शिकार हुई थी.लंबे इलाज के बाद उसका स्वास्थ ठीक हुआ था.
जानकारों के मुताबिक दो साल पहले मुकुंदरा हिल्स टाइगर रिजर्व में 6 बाध थे. 2020 में एक बाघ और एक बाघिन की मौत हो गई. एक शावक गुम हो गया. फिलहाल मुकुंदरा टाइगर रिजर्व में इस समय एक ही बाघिन MT-4 जिंदा थी.





