Tiger Shroff Firing Case Update : टाइगर श्रॉफ पर हमला के मामले में जांच के दौरान बड़ी जानकारियां सामने आ रही है. खबरो के मुताबिक टाइगर पर हमला करने के लिए हलावरों ने करीब 45 मिनट तक पुष्पा पार्क के पास इंतजार किया.मुंबई पुलिस की जांच में सामने आए नए तथ्यों के मुताबिक, हमलावरों ने वारदात को अंजाम देने से पहले इलाके की रेकी की थी. पुलिस को आशंका है कि हमलावरों को टाइगर श्रॉफ के फुटबॉल खेलने के कार्यक्रम और उनके वहां आने-जाने के समय की जानकारी थी.
हमला तब हुआ जब रविवार को टाइगर श्रॉफ फुटबॉल खेलने के बाद मैदान से निकल रहे थे. जैसे ही उनकी कार बाहर की ओर बढ़ी, बाइक सवार हमलावरों ने गोलियां चला दीं. इस घटना के बाद पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि हमलावरों को अभिनेता की गतिविधियों की जानकारी किसने दी और क्या इस वारदात की पहले से योजना बनाई गई थी.
“Lawrence Bishnoi Sahab”
The respect Delhi Police has for gangsters…
Wish they showed even 10% of this courtesy to students and activists who are doing nothing but protest. https://t.co/znv66dxoNI
— Abhijeet Dipke (@abhijeet_dipke) October 19, 2026
वारदात के बाद अंधेरी स्टेशन के पास छोड़ दी पल्सर बाइक
जांच में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी अहम सुराग बनकर सामने आई है. हमलावर कथित तौर पर फायरिंग के बाद पल्सर बाइक से अंधेरी पश्चिम रेलवे स्टेशन पहुंचे. वहां बाइक छोड़कर फरार हो गए. पुलिस ने मोटरसाइकिल बरामद कर उसे डीएन नगर पुलिस स्टेशन पहुंचाया.
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, बाइक के मालिकाना हक की कड़ी भी खंगाली जा रही है. बताया गया है कि मोटरसाइकिल पहले जोगेश्वरी के एक व्यक्ति के पास थी. इसके बाद वह कई लोगों के हाथों से गुजरती हुई कथित तौर पर हमलावरों तक पहुंची. बाइक की खरीद-बिक्री के दौरान कागजात ट्रांसफर हुए थे या नहीं, इसकी भी जांच की जा रही है.
पुलिस के लिए यह पता लगाना महत्वपूर्ण है कि बाइक किसने खरीदी, हमलावरों को किसने उपलब्ध कराई और क्या इसके जरिए आरोपियों तक पहुंचा जा सकता है. वाहन के मालिकाना रिकॉर्ड और सीसीटीवी फुटेज को जोड़कर उनके भागने के रास्ते का पता लगाने की कोशिश की जा रही है.
टाइगर श्रॉफ के ड्राइवर फिरदौस का बयान दर्ज
मुंबई पुलिस ने अभिनेता के ड्राइवर फिरदौस का बयान दर्ज किया है. फायरिंग के समय वह टाइगर श्रॉफ की कार में मौजूद थे और घायल हो गए थे. उनका बयान जांच के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इससे हमले के दौरान हमलावरों की स्थिति, गोलीबारी के क्रम और घटना के बाद की गतिविधियों के बारे में जानकारी मिल सकती है.
आगे झुकने से बची टाइगर श्रॉफ की जान?
पुलिस सूत्रों के हवाले से आई जानकारी के अनुसार, गोलीबारी के दौरान टाइगर श्रॉफ आगे की ओर झुक गए थे.बताया जा रहा है कि इसी वजह से गोलियां उन्हें नहीं लगीं.अभिनेता को मामूली चोट आने की भी खबर है.
फायरिंग में उनके ड्राइवर फिरदौस और एक ऑटो रिक्शा चालक के घायल होने की जानकारी सामने आई है. टाइगर श्रॉफ को गोली नहीं लगी और उनकी हालत सुरक्षित है.
घटना के समय मैदान में कई लोग मौजूद थे. अचानक गोलियां चलने से वहां भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो गई. पुलिस अब प्रत्यक्षदर्शियों के बयान लेकर यह समझने की कोशिश कर रही है कि हमलावरों ने किस तरह वारदात को अंजाम दिया.
स्पोर्ट्स ग्राउंड के सिक्योरिटी गार्ड ने क्या बताया?
जुहू के स्पोर्ट्स ग्राउंड के सिक्योरिटी गार्ड शंकरानंद मिश्रा के मुताबिक, इस मैदान में बॉलीवुड के कई बड़े सितारे फुटबॉल खेलने आते हैं. उन्होंने अमिताभ बच्चन, अभिषेक बच्चन, आमिर खान और महेंद्र सिंह धोनी के भी यहां आने का जिक्र किया.
सिक्योरिटी गार्ड ने बताया कि फायरिंग के दौरान वहां अफरा-तफरी मच गई थी. उनके अनुसार, टाइगर श्रॉफ अक्सर प्रशंसकों से मिलते थे और उनके साथ तस्वीरें खिंचवाते थे. आशंका जताई जा रही है कि अभिनेता की इस आदत और मैदान में उनकी नियमित मौजूदगी का फायदा उठाकर हमलावर उनके करीब पहुंचने में सफल रहे होंगे.
हालांकि, यह जांच का विषय है कि हमलावरों ने वास्तव में इसी जानकारी के आधार पर रेकी की थी या उन्हें किसी अन्य माध्यम से अभिनेता की गतिविधियों के बारे में पता चला था.
गुजरात पुलिस भी अलर्ट, सूरत में बढ़ी निगरानी
मुंबई पुलिस से मिली जानकारी के बाद गुजरात पुलिस को भी सतर्क किया गया. पुलिस सूत्रों के अनुसार, आशंका जताई गई थी कि आरोपी गुजरात के सूरत की ओर जा सकते हैं. इसके बाद सूरत में एहतियातन चेकिंग बढ़ाए जाने की खबर सामने आई.
दूसरी ओर, राजस्थान के कोटा में तीन संदिग्धों को पकड़े जाने की खबर ने जांच को नया मोड़ दिया. मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, संदिग्ध पुणे से जयपुर जाने वाली ट्रेन में सफर कर रहे थे और उन्हें कोटा रेलवे स्टेशन के पास पकड़ा गया.
संजय राउत का हमला: ‘ये जंगलराज है’
टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग की घटना को लेकर शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने महाराष्ट्र की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए. उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री और गृह मंत्री देवेंद्र फडणवीस को निशाने पर लेते हुए कहा कि राज्य में लगातार हो रही आपराधिक घटनाएं गंभीर चिंता का विषय हैं.
राउत ने कहा, “सरेआम मुंबई में कभी सलमान खान पर हमला होता है, कभी बाबा सिद्दीकी की हत्या होती है, कभी ठाणे में हमारे शिवसेना के कार्यकर्ता प्रदीप पूर्णेकर की हत्या होती है,कल टाइगर पर गोली चलाई. ये जंगलराज है.”
उन्होंने आगे कहा कि यदि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई है, तो राष्ट्रपति शासन लगाने पर विचार किया जाना चाहिए. राउत ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की भूमिका पर भी सवाल उठाए और आरोप लगाया कि राज्य में जबरन वसूली, हत्या और अपहरण जैसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं.
राउत ने कहा कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस राज्य के गृह मंत्री भी हैं, इसलिए कानून-व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी उनकी है.
देवेंद्र फडणवीस सरकार के सामने बड़ी चुनौती
टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग की घटना ने एक बार फिर मुंबई में फिल्मी हस्तियों की सुरक्षा और संगठित अपराध के संभावित प्रभाव को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं. इससे पहले भी बॉलीवुड सितारों को धमकी मिलने और उनके आसपास सुरक्षा बढ़ाए जाने की घटनाएं सामने आती रही हैं.
महाराष्ट्र सरकार और पुलिस के सामने अब दो बड़ी चुनौतियां हैं. पहली, हमले में शामिल सभी लोगों की पहचान कर उन्हें कानून के सामने लाना.
दूसरी, यह पता लगाना कि फायरिंग के पीछे व्यक्तिगत दुश्मनी, रंगदारी या किसी आपराधिक गिरोह की भूमिका थी या नहीं.
मुंबई क्राइम ब्रांच मामले की जांच कर रही है. पुलिस कथित गैंग कनेक्शन सहित सभी संभावित पहलुओं की पड़ताल कर रही है.
फिलहाल सबसे अहम सवाल यही है कि क्या टाइगर श्रॉफ पर हमला किसी बड़ी साजिश का हिस्सा था या इसके पीछे कोई दूसरा मकसद था. रेकी, बाइक की खरीद-बिक्री और आरोपियों के कथित फरार होने के रास्ते की जांच से इस मामले में आगे और खुलासे होने की उम्मीद है.

