kuldeep Sengar Bail : 2017 के उन्नाव रे’प केस में सजायाफ्ता बीजेपी के पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को दिल्ली हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद पीडिता की मां का दर्द छलक आया है और देश की न्याय व्यवस्था के प्रति सशंकित नजर आ रही है. पीडिता की मां का कहना है कि उन्हें नहीं पता था कि इतने साल बाद भी उन्हें इंसाफ नहीं मिलेगा. दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश से दुखी पीडिता की मां का कहना है कि वो सुप्रीम कोर्ट जायेंगी.
⚖️📜 Former #BJP #MLA #KuldeepSengar gets conditional bail in #UnnaoRape case; what the HC order says 🏛️🔍 https://t.co/L3TRUqTCBc pic.twitter.com/RvhjuAOeeu
— Economic Times (@EconomicTimes) December 24, 2025
(श्रोत- ANI Social Media)
kuldeep Sengar Bail:बलात्कार और हत्या के सजायाफ्ता को मिली जमानत
मंगलवार 23 दिसंबर 2025 को दिल्ली हाईकोर्ट ने कुलदीप सैंगर को 15 लाख के मुचलके पर सशर्त जमानत दे दी है. अदालत ने ये जमानत उम्रकैद की सजा के मामले में अपील लंबित रहने तक के लिए दिया है.
अदालत के इस आदेश के बाद पीडिता और उसका परिवार डर के साये में हैं. पीड़िता की बहन का कहना है कि जब से कुलदीप सेंगर की जमानत का आदेश आया से तब से उनके परिवार और रिश्तेदारों की तरफ से धमकियां बढ़ गई हैं. पीडिता की बहन ने अपनी जान का खतरा बताते हुए कहा कि अगर उन्हें यानी कुलदीप सिंह सेंगेर को जेस से बाहर ही रखना है, तो फिर हमें जेल में डाल दीजिए, कम से हमारी जान तो सुरक्षित रहेगी.
आदेश के विरोध में दिल्ली में प्रदर्शन, पुलिस ने हटाया
कुलदीप सेंगर को दिल्ली हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद पीड़ित परिवार ने विरोध में दिल्ली में प्रदर्शन किया. पीडिता की मां और महिला अधिकार कार्यकर्ता योगिता भायना ने इंडिया गेट के पास प्रदर्शन किया. इन लोगों ने दिल्ली हाइकोर्ट के आदेश के खिलाफ आवाज उठाई लेकिन दिल्ली पुलिस ने पीडिता की मां और अन्य प्रदर्शनकारियो को इंडिया गेट से हटा दिया.
🚨 What kind of justice is this? Kuldeep Sengar gets bail. Arnab speaks to her on LIVE TV – A minor victim, years of trauma, family destroyed. When the powerful walk free and victims beg for justice… This is a collapse of consciencepic.twitter.com/11EWcjaT7Y
— Praveenex (@praveenexstp) December 23, 2025
प्रदर्शन के दौरान पीड़िता की मां ने कहा कि अपनी बेटी को न्याय दिलाने के लिए वो और उनका परिवार पिछले कई 8 वर्षों के संघर्ष कर रहा है लेकिन अब जब दोष साबित होने के बाद भी दोषी को जमानत मिल गई है तो उनकी भरोसा डगमगा गया है.
पीडिता के बहन का कहना है कुलदीप सेंगर ने उनके बड़े पापा को मारा और फिर पिता की हत्या कर दी, बहन के साथ रेप किया और ऐसे व्यक्ति को जमानत दे दी गई है जबकि उनका परिवार अभी भी खतरे में हैं. पीडिता की बहन का कहना है कि ‘कौन जाने, एक बार फिर अगर वो जेल से बाहर आ गया तो वो उनके पूरे परिवार को ही खत्म कर सकता है..
पीड़िता की बहन ने इंडिया गेट पर कहा उनका परिवार पहले ही बहुत कुछ खो चुका है. पिता की मौत हो गई, रिश्तेदारों पर जनलेवा हमले हुए, इसके बाद भी उन्हें लगातार जान से मारने की धमकियां मिल रही है, जो उन्हे अंदर से तोड़ रही है. पीडिता की बहन ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि अगर उन्हें (कुलदीप सेंगर) को बाहर ही रखना है, तो हमें (पीडिता और उनका परिवार) जेल में डाल दीजिए. जेल में रहने पर कम से कम जान तो सुरक्षित रहेगी. जब से जमानत का आदेश आया है, परिवार में दहशत का माहौल है, घर में छोटे बच्चे हैं, हर दिन यह डर रहता है कि कहीं उनके साथ कुछ अनहोनी न हो जाए.
खुलेआम मिल रही है धमकियां
पीडिता की बहन ने बताया कि कुलदीप सेंगर से जुड़े लोग आज भी उन्हें और उनके परिवार को खुलेआम धमकियां दे रहे हैं. उनका कहना है कि ‘अब वो वापस आ रहा है, तुम हमारा क्या कर लोगे. हमें कहा जाता है कि हम सबको मार डालेंगे. परिवार का कहना है कि ऐसी धमकियां उन्हें पहले भी मिलती रही हैं, लेकिन जमानत के आदेश के बाद यह डर कई गुना बढ़ गया है.’
सेंगर को शर्त के साथ मिली है जमानत
कुलदीप सेंगर पिछले 8 साल से जेल में हैं. निचली अदालत में सजा सबित होने के बाद से सेंगर 13 अप्रैल 2018 से लगातार जेल में हैं. अपनी सजा के खिलाफ हाई कोर्ट में याचिका लगाई है. इस लंबित याचिका के आधार पर हाईकोर्ट ने सेंगर को सशर्त जमानत दी है.
सेंगर को किन शर्तों पर मिली है जमानत
दिल्ली हाईकोर्ट ने कुलदीप सेंगर को 15 लाख रुपये के मुचलके और इतनी ही राशि के जमानती पर जमानत दी है. इस जमानत के साथ कुछ शर्ते भी रखी गई हैं.
कोर्ट के आदेश में कहा गया है कि कुलदीप सेंगर पीड़िता के 5 किलोमीटर के दायरे में नहीं आएगा और पूरी जमानत की अवधि के दौरान दिल्ली में ही रहेगा. हर सोमवार उसे अनिवार्य रुप से पुलिस को रिपोर्ट करना होगा.
कुलदीप सेंगर पीड़िता या उसके परिवार के किसी भी सदस्य को प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप भी धमकी नहीं देगा.
सेंगर को अपना पासपोर्ट निचली अदालत में जमा करना होगा . कोर्ट ने अपने आदेश मे साफ किया है कि किसी भी शर्त के टूटने पर जमानत तुरंत रद्द किया जा सकता है. कोर्ट ने अपने आदेश में ये भी कहा है कि ये जमानत तब तक ही प्रभावी रहेगा, जब तक हाईकोर्ट से अंतिम फैसला नहीं आ जाता है.
जमानत के बाद भी जेल से छूटेगा सेंगर ?
बताया जा रहा है कि कुलदीप सेंगर को भले ही 2017 के उन्नाव रेप केस जमानत मिल गई है, लेकिन वो फिलहाल जेल से बाहर नहीं आ सकेगा. इसकी वजह ये है कि सेंगर पर पीडिता के पिता की हत्या का भी मामला साबित हो चुका है और इस मामले में वो 10 साल की कैद की सजा काट रहा है.इसलिए फिलहाल वो जल में ही रहेगा लेकिन रेप केस में सजा के निलंबन से पीडता का परिवार दहशत में है.

