अभिषेक झा,ब्यूरो चीफ
पटना : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नरेंद्र मोदी को मात देने की कवायद के बीच सुशासन बाबू के सुशासन की अपराधियों ने हवा निकाल दी है. बिहार में सरकार के सुशासन के दावों के बीच बदमाशों ने खाकी वर्दी व सरकार को खुली चुनौती दे डाली है.
पीएनबी में गार्ड को मारी गोली
अपराधियों ने गुरुवार को सोनपुर पीएनबी बैंक को अपना निशाना बनाया. बदमाशों के बुलंद हौसलों का इस बात से अंदाजा लगाया जा सकता है कि दिनदहाड़े बैंक में घुसकर पहले मौजूद सुरक्षा गार्ड को गोली मारी, जिससे एक गार्ड की मौके पर ही मौत हो गई और दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया. और इसके बाद बैंक से 12 लाख कैश लूट कर मौके से फरार हो गए. हालांकि वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस तफ्तीश में जुट गई है.
मोतिहारी में 48 लाख लूटे
ये एक दिन की बात नहीं है. कल यानी बुधवार को मोतिहारी के ICICI बैंक से 48 लाख की लूट हुई थी. मोतिहारी में अपराधियों ने दिन दहाड़े हथियार के बल पर 48 लाख रुपए लूट लिए थे.
अपराधियों के निशाने पर बैंक
बिहार में बैंक अपराधियों के निशाने पर हैं. अकसर बैंक लूट की घटना सामने आती रहती है लेकिन इसी बीच समस्तीपुर में हुई बैंक लूट में कुछ खुलासे सामने आए हैं. समस्तीपुर पुलिस ने बैंक लूटकांड का उद्भेदन करते हुए लूटे गए 20 लाख रुपए बरामद कर लिए हैं. साथ ही 4 बदमाशों को गिरफ्तार भी कर लिया है.
समस्तीपुर लूट कांड का खुलासा
बता दें कि समस्तीपुर में मुसरीघरारी, उजियारपुर और पूसा थाना क्षेत्र स्थित दक्षिण बिहार ग्रामीण बैंक की शाखा में हुए तीन बड़ी बैंक लूट समेत विभिन्न जिलों में हुए 10 लूट कांडों का खुलासा पुलिस ने किया है. गुरुवार को समस्तीपुर एसपी विनय कुमार तिवारी ने इस बात की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि समस्तीपुर पुलिस की 4 एसआईटी टीम ने मिलकर बैंक लूट की घटनाओं को अंजाम देने वाले गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है. जिसके पास से पुलिस ने लूट की रकम में से 20 लाख 23 हजार रुपए बरामद किया है.
बिहार में लगातार बढ़ते अपराध को देखते हुए कुछ सवाल खड़े हो रहे हैं
- आखिर बिहार पुलिस Detection of crime के बजाए Prevention of crime पर फोकस क्यों नहीं करती है ?
- बदमाशों को “खाकी” का खौफ क्यों नहीं ?
- अपराधियों के सामने “सु”शासन की पुलिस पस्त क्यों है ?
- “अपराधियों को दौड़ाओ, नहीं तो अपराधी आपको दौड़ाएंगे” DGP भट्टी के इस संदेश के बावजूद क्या अपराधियों को दौड़ाने में असफल हो रही बिहार पुलिस ?
- ‘सु”शासन के दावों के बीच अपराधों पर अंकुश कब ?





