ऋषिकेश के बजरंग सेतु पर ग्लास स्काईवॉक अब नहीं होगा फ्री, जल्द लगेगी एंट्री फीस; जानिए नया नियम

Rishikesh Skywalk ऋषिकेश : उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल ऋषिकेश आने वाले पर्यटकों के लिए बड़ी खबर है. शहर के आधुनिक बजरंग सेतु पर बने आकर्षक ग्लास स्काईवॉक (कांच वाला पुल) पर अब मुफ्त में घूमना संभव नहीं होगा. राज्य सरकार ने इसके लिए लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा तैयार स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) को मंजूरी दे दी है. अब जल्द ही टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद पर्यटकों से प्रवेश शुल्क लिया जाएगा.

Rishikesh Skywalk:बच्चों और बड़ों के लिए अलग-अलग शुल्क

नई व्यवस्था के अनुसार:

  • बच्चों के लिए प्रवेश शुल्क: ₹50
  • वयस्कों के लिए प्रवेश शुल्क: ₹100
  • टिकट की वैधता: 2 घंटे

पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के मुताबिक, यह शुल्क ग्लास स्काईवॉक की सुरक्षा, रखरखाव, सफाई और संचालन पर होने वाले खर्च को पूरा करने के लिए लिया जाएगा.

सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक मिलेगा प्रवेश

नई एसओपी के अनुसार ग्लास स्काईवॉक पर पर्यटक सुबह 6:00 बजे से रात 10:00 बजे तक ही जा सकेंगे.

हालांकि, पुल का सामान्य मार्ग 24 घंटे आम लोगों और वाहनों के लिए खुला रहेगा. केवल ग्लास वॉकवे पर प्रवेश के लिए टिकट अनिवार्य होगा.

कांवड़ यात्रा के दौरान रहेगा बंद

प्रशासन ने सुरक्षा कारणों से निर्णय लिया है कि कांवड़ यात्रा के दौरान ग्लास स्काईवॉक का हिस्सा पूरी तरह बंद रहेगा. इस अवधि में केवल सामान्य आवाजाही की अनुमति होगी.

69.20 करोड़ रुपये की लागत से बना है बजरंग सेतु

करीब 69.20 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 132.30 मीटर लंबे बजरंग सेतु का निर्माण वर्ष 2022 में शुरू हुआ था. यह आधुनिक सस्पेंशन ब्रिज लक्ष्मण झूला के विकल्प के रूप में विकसित किया गया है.

ग्लास स्काईवॉक को पांच परतों वाले टफेंड ग्लास से तैयार किया गया है, जिसे अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मानकों के अनुरूप बनाया गया है. इसकी निगरानी के लिए पहले से ही सुरक्षा व्यवस्था और सीसीटीवी जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं.

गंगा का रोमांचक नजारा बनाता है खास

बजरंग सेतु की सबसे बड़ी खासियत इसका अलग ग्लास वॉकवे है. यहां चलते हुए पर्यटक नीचे बहती गंगा नदी, आसपास की हरी-भरी पहाड़ियां और ऋषिकेश का मनमोहक दृश्य बेहद करीब से देख सकते हैं. यही वजह है कि यह पुल बेहद कम समय में पर्यटकों के बीच लोकप्रिय आकर्षण बन गया है.

ट्रैफिक जाम से भी मिली राहत

पर्यटन के साथ-साथ बजरंग सेतु ने शहर की यातायात व्यवस्था को भी बेहतर बनाया है. पुल की चौड़ाई चार पहिया वाहनों की आवाजाही के लिए पर्याप्त है, जिससे ऋषिकेश में ट्रैफिक का दबाव काफी कम हुआ है.

जल्द शुरू होगी टेंडर प्रक्रिया

पीडब्ल्यूडी अब इस व्यवस्था को लागू करने के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू करेगा. टेंडर आवंटन के बाद टिकट काउंटर और डिजिटल एंट्री सिस्टम लागू किए जाएंगे. इसके बाद ग्लास स्काईवॉक पर प्रवेश केवल निर्धारित शुल्क के भुगतान के बाद ही संभव होगा.

पर्यटकों के लिए क्या बदलेगा?
  • ग्लास स्काईवॉक पर प्रवेश के लिए टिकट अनिवार्य होगा.
  • वयस्कों से ₹100 और बच्चों से ₹50 शुल्क लिया जाएगा.
  • टिकट दो घंटे के लिए मान्य होगी.
  • स्काईवॉक सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक खुला रहेगा.
  • कांवड़ यात्रा के दौरान ग्लास स्काईवॉक बंद रहेगा.
  • पुल का सामान्य मार्ग पहले की तरह आम जनता के लिए निःशुल्क और 24 घंटे खुला रहेगा.

Latest news

Related news