Bihar new Cabinet : पटना – बिहार की राजनीति में गुरुवार का दिन ऐतिहासिक रहा. पटना के गांधी मैदान में आयोजित भव्य शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह की मौजूदगी में राज्यपाल ने 32 नए मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई गई. इस मंत्रिमंडल विस्तार में सबसे चौंकाने वाला नाम रहा नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार का. निशांत कुमार जब मंत्रिमंडल में शामिल हो ही गये हैं तो सम्राट सरकार ने उन्हें राज्य के स्वास्थ का ख्याल रखने की जिम्मेदारी दी है. निशांत कुमार को स्वास्थ मंत्रालय और पूर्व डिप्टी सीएम विजय सिन्हा को कृषि मंत्रालय की जिम्मेदारी मिली है.
Bihar new Cabinet : निशांत कुमार को मिला स्वास्थ्य विभाग
राजनीति से दूर रहने वाले निशांत कुमार का कैबिनेट में शामिल होना एक बड़ा चौंकाने वाला फैसला रहा. उन्हें बिहार सरकार में स्वास्थ्य विभाग की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है. राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि निशांत को स्वास्थ्य जैसा बड़ा और महत्वपूर्ण विभाग देकर सरकार ने युवाओं और विकास के प्रति अपनी प्राथमिकता स्पष्ट कर दी है.
सम्राट चौधरी ने अपने पास रखे ये विभाग
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गृह विभाग सहित कई महत्वपूर्ण पोर्टफोलियो अपने पास सुरक्षित रखे हैं. उनके पास सामान्य प्रशासन, गृह, कैबिनेट सचिवालय, सतर्कता, निर्वाचन और नागरिक उड्डयन जैसे विभाग रहेंगे.
किसे मिला कौन सा मंत्रालय? (प्रमुख मंत्रियों की सूची)
मंत्रिमंडल विस्तार के बाद विभागों का बंटवारा भी कर दिया गया है। यहाँ प्रमुख मंत्रियों और उनके विभागों की सूची दी गई है:
| मंत्री का नाम | आवंटित विभाग (Portfolio) |
| निशांत कुमार | स्वास्थ्य विभाग |
| विजय कुमार चौधरी (डिप्टी सीएम) | जल संसाधन और संसदीय कार्य |
| बिजेंद्र प्रसाद यादव (डिप्टी सीएम) | वित्त और वाणिज्य कर |
| विजय कुमार सिन्हा | कृषि विभाग |
| श्रवण कुमार | ग्रामीण विकास, सूचना एवं जनसंपर्क |
| लेसी सिंह | भवन निर्माण विभाग |
| नितिश मिश्रा | नगर विकास एवं आवास |
| दिलीप जायसवाल | राजस्व एवं भूमि सुधार |
| श्रेयसी सिंह | उद्योग और खेल विभाग |
| मदन सहनी | मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन |
| संतोष कुमार सुमन | लघु जल संसाधन |
| अशोक चौधरी | खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण |
जातीय और क्षेत्रीय समीकरण का तालमेल
इस नए मंत्रिमंडल में एनडीए (NDA) ने जातीय और क्षेत्रीय समीकरणों को साधने की पूरी कोशिश की है. शपथ लेने वाले 32 मंत्रियों में 15 भाजपा, 13 जेडीयू, 2 लोजपा (रामविलास), और 1-1 मंत्री हम (HAM) व रालोमो से शामिल किए गए हैं. इसमें महिलाओं, पिछड़ों और दलित चेहरों को भी प्रमुखता दी गई है.
नीतीश कुमार की नई भूमिका और उत्तराधिकार
नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने और सम्राट चौधरी के मुख्यमंत्री बनने के बाद बिहार में सत्ता का केंद्र बदल गया है. हालांकि, निशांत कुमार की कैबिनेट में एंट्री ने यह साफ कर दिया है कि जेडीयू के भीतर अब ‘नीतीश विरासत’ को आगे बढ़ाने की तैयारी शुरू हो चुकी है.

