रायपुर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह(AMIT SHAH) शनिवार देर शाम रायपुर पहुंचे. जैसा कि पहले से तय था अमित शाह (AMIT SHAH )रायपुर पहुंचते ही बीजेपी प्रदेश कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे डुमरतराई पहुंचे और प्रदेश के तमाम वरिष्ठ बीजेपी के नेताओं के साथ बैठक शुरु कर दी. गृहमंत्री अमित शाह (AMIT SHAH )के साथ केंद्रीय मंत्री और छत्तीस़गढ़ में बीजेपी के चुनाव प्रभारी मनसुख मांडविया भी पहुंचे.
#WATCH छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा नेता रमन सिंह ने रायपुर के भाजपा पार्टी कार्यालय में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का स्वागत किया। pic.twitter.com/SwDzc5GUay
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 22, 2023
AMIT SHAH ने प्रदेश बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं के साथ की बैठक
गृहमंत्री शाह ने राज्य के प्रमुख नेताओं के साथ हाइलेवल मीटिंग की. इस बैठक में प्रदेश प्रभारी ओम माथुर, पूर्व मुख्यमंत्री डॉक्टर रमन सिंह , नेता प्रतिपक्ष नारायाण चंदेल ,प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव , बीजेपी महामंत्री ओ पी चौधरी औऱ केदार गुप्ता शामिल हुए. इन नेताओं के अलावा किसी और नेता को बैठक में शामिल होने की अनुमति नहीं दी गई. सूत्रों के मुताबिक बैठक में सासंदों को विधानसभा लड़ाने पर बातचीत हो सकती है.
पूर्व गृहमंत्री ननकीराम कंवर(NankiRam) को नहीं मिली एंट्री
छत्तीसगढ़ की रमण सिंह सरकार में गृहमंत्री रहे और प्रदेश बीजेपी के वरिष्ठ नेता ननकी राम कंवर को बैठक में आने की अनुमति नहीं मिली. ननकी राम कंवर बैठक मेें शामिल होने बीजेपी मुख्यालय आये लेकिन उन्हें पार्टी के मेन गेट पर ही रोक दिया गया और उन्हें वहीं से लौटना पड़ा.
ननकी राम कंवर के कांग्रेस में जाने की चर्चा
दरअसल छत्तीसगढ़ के पूर्व गृहमंत्री ननकीराम कंवर को लेकर बीजेपी में चर्चा जोरों पर है कि वो जल्द ही कांग्रेस का दामन थाम सकते हैं. पिछले महीने एक सभा के दौरान सीएम भूपेश बघेल ने ननकीराम कंवर के कांग्रेस पार्टी में आने के संकेत दिये थे. बघेल ने कहा था कि वो वरिष्ठ नेता हैं, मुझसे मिलते भी रहते हैं, आज में उनके क्षेत्र में जा रहा हूं,यदि आयेंगे तो उनका स्वागत होगा.
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इससे पहले छत्तीसगढ़ बीजेपी के एक बड़े नेता नंदकुमार साय बीजेपी को छोड़ कर कांग्रेस का दामन थाम चुके हैं. आज के प्रकऱण से ये साफ हो गया कि बीजेपी आला कमान प्रदेश में बीजेपी के नेताओं की गतिविधियों पर पूरी नजर रख रहा है और उन नेताओं को किनारे किया जा रहा है जिनकी निष्ठा पर पार्टी को शक है. ननकीराम कंवर प्रदेश के उन नेताओं मे शामिल है जो कई बार पार्टी लाइन से अलग जाकर अपनी ही पार्टी के खिलाफ बयानबाजी कर चुके हैं. ठीक ऐसे ही नंद कुमार साय को भी बीजेपी में दरकिनार किया गया और उन्होंने कांग्रेस का दामन थाम लिया.

