PATNA Lathicharge TRE 4 : बिहार की राजधानी पटना एक बार फिर रणक्षेत्र बन गई. बीपीएससी (BPSC) टीआरई-4 का विज्ञापन जारी करने की मांग को लेकर हजारों की संख्या में शिक्षक अभ्यर्थी सड़क पर उतरे। छात्र नेता दिलीप कुमार के नेतृत्व में पटना कॉलेज से शुरू हुआ. यह विरोध मार्च जेपी गोलंबर पहुंचते-पहुंचते उग्र हो गया, जिसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर जमकर लाठियां चटकाईं.
पटना में BPSC TRE 4 विज्ञापन जारी करने की मांग को लेकर अभ्यर्थियों का उग्र प्रदर्शन।
जेपी गोलंबर पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर जमकर लाठीचार्ज किया।अभ्यर्थियों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा ,कइयों का सर फूटा तो कितने का हाथ-पैर टूटा । #Patna #BPSC #TRE4 pic.twitter.com/VIZuaN0GY6
— Mukesh singh (@Mukesh_Journo) May 8, 2026
TRE 4 Lathicharg:शिक्षामंत्री के आवास को घेरने की थी तैयारी
राज्य भर से जुटे हजारों छात्र-छात्राएं पटना कॉलेज से गांधी चौक, मुसल्लहपुर हाट और गांधी मैदान होते हुए जेपी गोलंबर पहुंचे थे. प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा मंत्री के आवास तक जाने का ऐलान किया था. जब पुलिस ने जेपी गोलंबर पर उन्हें रोकने की कोशिश की, तो गुस्साए छात्रों ने बैरिकेडिंग तोड़ दी. स्थिति बिगड़ते देख पुलिस ने दौड़ा-दौड़ाकर अभ्यर्थियों को पीटा, जिसमें दर्जनों छात्र चोटिल हो गए.
क्यों गुस्से में हैं शिक्षक अभ्यर्थी?
अभ्यर्थियों के गुस्से का मुख्य कारण टीआरई-4 के विज्ञापन में हो रही देरी है. विधानसभा चुनाव से पहले सरकार ने प्राथमिक और मिडिल स्कूलों में 46,595 पदों पर बहाली का ऐलान किया था. लाखों की संख्या में बीएड और अन्य ट्रेनिंग प्राप्त अभ्यर्थी इस विज्ञापन का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन अभी तक प्रक्रिया शुरू नहीं होने से उनमें भारी आक्रोश है.
परीक्षा पैटर्न में बदलाव की चर्चा से भड़का विवाद
आंदोलन का एक बड़ा कारण परीक्षा प्रक्रिया में संभावित बदलाव भी है. अभ्यर्थियों के बीच चर्चा है कि अब शिक्षक भर्ती के लिए पीटी (PT) और मेंस (Mains) की दो स्तरीय परीक्षा देनी होगी. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब अब तक केवल एक परीक्षा के आधार पर नौकरियां मिली हैं, तो अब इस नए नियम की क्या जरूरत है? हालांकि, सरकार ने अभी इस पर स्थिति स्पष्ट नहीं की है.
छात्र नेता दिलीप कुमार हिरासत में, कई गंभीर घायल
पुलिस ने प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे छात्र नेता दिलीप कुमार को हिरासत में ले लिया है, जिससे अभ्यर्थी और अधिक भड़क गए हैं. लाठीचार्ज में कई छात्र गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें एंबुलेंस के जरिए अस्पताल पहुंचाया गया है. पुलिस की कार्रवाई के बावजूद हजारों अभ्यर्थी अभी भी जेपी गोलंबर पर डटे हुए हैं और दिलीप कुमार की रिहाई की मांग कर रहे हैं.
सुरक्षा के कड़े इंतजाम, भारी पुलिस बल तैनात
वर्तमान में स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है. मौके पर आधा दर्जन थानों की पुलिस, रिजर्व फोर्स और वाटर कैनन की तैनाती की गई है. मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पुलिस बल प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने की कोशिश कर रहा है, लेकिन अभ्यर्थी अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं.

