बिहार में पिछले कुछ दिनों से हिन्दू मुस्लिम भाईचारे की एकता खंडित होती नज़र आरही थी. बिहार में हो रही हिंसा का ज़िम्मेदार नीतीश कुमार और उनकी महागठबंधन सरकार को ठराया जा रहा था. ऐसे में बिहार की गंगा जमुनी तेहजीब को याद दिलाते हुए रमज़ान के मौके पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एक तीर से दो निशाने साधे हैं. पहला रमज़ान के महीने में जेडीयू के विधान पार्षद खालिद अनवर के दावत-ए-इफ्तार में शामिल होना और दूसरा वहां किया गया गज़ब का इंतज़ाम. जिसकी वजह से देश की सत्ताधारी दल और उनके नेताओं के सीने पर सांप लोट गया. अब ऐसा क्या ख़ास था उस इफ्तार पार्टी में.
ऐसा क्या हुआ इफ्तार पार्टी में …
दरअसल जेडीयू के एमएलसी ने अपने इफ्तार में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को मुख्य अतिथि बनाकर बुलाया था. यहाँ ख़ास तौर पर नीतीश कुमार के लिए ही लाल किले जैसा मंच बनवाया गया. ऐसा करने की वजह ये थी ताकि देश की सत्ता को ये बता दिया जाए की 2024 के बाद लाल किले पर झंडा फहराने की बारी नीतीश कुमार की है.
पटना के फुलवारी शरीफ में जेडीयू के एमएलसी खालिद अनवर की इफ्तार पार्टी थी. इसमें नीतीश कुमार अपने मंत्री विजय चौधरी के साथ पहुंचे. इफ्तार से पहले नीतीश कुमार को लाल किले जैसे मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया. फिर रोजेदारों को इफ्तार कराने पर बात हुई. अब इस मंच को लेकर एक अलग ही विवाद छिड़ गया है. इसी मौके को एक राजनेता होने के नाते LJP नेता चिराग पासवन ने लपक लिया और नीतीश कुमार की खिल्ली उड़ा दी.
चिराग पासवान ने क्या कहा ?
नीतीश कुमार का मज़ाक बनाते हुए चिराग पासवान ने उनके प्रधानमंत्री बनने के सपने को तार तार कर दिया. चिराग पासवान ने कहा कि नीतीश लाख सपना देख लें लेकिन उनका यह सपना कभी पूरा नहीं होने वाला है. उन्होंने कहा कि नीतीश खुद अपना मजाक उड़वा रहे हैं, देश की जनता के बीच कौन सा मॉडल लेकर जाएंगे .
नीतीश कुमार का सपना कभी पूरा नहीं होगा…
दरअसल, चिराग पासवान दिल्ली से पटना लौटे थे. तो पटना एयरपोर्ट पर मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री पर निशाना साधा. चिराग ने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार प्रधानमंत्री बनने का सपना देखते रहते हैं. लाल किले की प्राचीर से झंडा फहराने का नीतीश कुमार का सपना कभी पूरा नहीं होने वाला है। ऐसे में नकली लाल किले की तस्वीर मंच के पीछे लगा दिया. हो सकता है कि आने वाले समय में उसी तरह का नकली मॉडल तैयार कर उसी नकली लाल किले की प्राचीर से तिरंगा लहरा दें और इसी तरह से उनका सपना पूरा हो जाए.
सिर्फ इतना ही नहीं उन्होंने आगे कहा नीतीश मुख्यमंत्री की जिम्मेवारी तो ठीक ढंग से नहीं निभा पा रहे हैं, वे देश की जिम्मेवारी कैसे संभाल पाएंगे। किस मॉडल को लेकर नीतीश कुमार देश की जनता के सामने जाएंगे। क्या नीतीश बिहार में हो रही हत्याएं, दंगों और जहरीली शराब से हुई मौतों का मुद्दा लेकर देश के लोगों के बीच जाएंगे. अगर नीतीश कुमार प्रधानमंत्री के दावेदार बनते हैं तो कौन सा मॉडल देश की जनता का सामने रखेंगे। नीतीश को देश की जनता कभी प्रधानमंत्री के रूप में स्वीकार नहीं करेगी.

