शारदीय नवरात्रि का इंतजार अब खत्म होने वाला है. 11 अक्टूबर से मां दुर्गा की आराधना का यह पावन पर्व शुरू होगा और पूरे नौ दिनों तक भक्त माता की पूजा-अर्चना में लीन रहेंगे.नवरात्रि को लेकर घरों में भी साफ-सफाई और तैयारी शुरू हो जाती है. लेकिन क्या आपको पता है कि नवरात्रि शुरू होने से पहले घर में रखी कुछ चीजों पर भी ध्यान देना जरूरी माना जाता है? ज्योतिष और वास्तु शास्त्र के अनुसार घर का वातावरण सकारात्मक हो तो इसका असर परिवार के सुख-समृद्धि पर भी पड़ता है. इसी को लेकर देवघर के ज्योतिषाचार्य ने बताया कि नवरात्रि से पहले घर की साफ-सफाई के साथ कुछ ऐसी चीजों को भी हटा देना चाहिए, जिन्हें वास्तु में नकारात्मकता से जोड़कर देखा जाता है.
नवरात्री से पहले घर का वास्तु दिशा अवश्य सही कर लें
कहा कि नवरात्री से पहले घर के वास्तु दिशा अवश्य सही कर लेनी चाहिए. ताकि घर में सालों भर सकारात्मक ऊर्जा बनी रहे.सबसे पहले घर में पड़ी पुरानी और टूटी हुई झाड़ू को देख लें. झाड़ू का इस्तेमाल घर की गंदगी दूर करने के लिए किया जाता है, लेकिन वास्तु और ज्योतिष में इसे मां लक्ष्मी से भी जोड़कर देखा जाता है. ऐसे में अगर घर में झाड़ू पूरी तरह टूट चुकी है या इस्तेमाल के लायक नहीं बची है, तो उसे लंबे समय तक घर में रखने से बचना चाहिए. नवरात्रि से पहले घर की सफाई के साथ ऐसी पुरानी झाड़ू को भी हटा देना बेहतर माना जाता है. साथ ही नई झाड़ू को भी ऐसी जगह रखना चाहिए, जहां वह साफ-सुथरी रहे और लोगों के पैरों के नीचे न आए.
खंडित मूर्ति या तस्वीर पूजा स्थल से हटा दें
इसके बाद घर के पूजा स्थान पर भी एक नजर जरूर डाल लें. अगर पूजा घर या घर के किसी दूसरे हिस्से में देवी-देवताओं की कोई मूर्ति या तस्वीर खंडित हो चुकी है, तो उसे पूजा स्थान पर रखकर नियमित पूजा नहीं करनी चाहिए. मान्यता के अनुसार खंडित प्रतिमाओं की पूजा नहीं की जाती है. हालांकि ऐसी मूर्तियों को सामान्य कूड़े में फेंकना भी उचित नहीं माना जाता. श्रद्धा और स्थानीय परंपरा के अनुसार इन्हें किसी पवित्र स्थान पर विधि से विसर्जित या स्थापित किया जा सकता है. नवरात्रि में मां दुर्गा की स्थापना और पूजा से पहले पूजा घर को साफ कर लेना और वहां केवल सही अवस्था वाली प्रतिमाएं रखना शुभ माना जाता है.
घर के मुख्य द्वार पर नहीं रखें कांटेदार और मुरझाये पौधे
ज्योतिषाचार्य ने घर में लगे पौधों को लेकर भी खास बात बताई. अगर घर के अंदर या मुख्य दरवाजे के आसपास ऐसे कांटेदार पौधे रखे हैं, जिनसे लगातार चुभन या असुविधा होती है, तो नवरात्रि से पहले उनकी जगह और स्थिति पर ध्यान देना चाहिए. इसी तरह घर में रखे सूखे फूल, पुरानी माला और लंबे समय से रखी पूजा सामग्री को भी बिना जरूरत जमा करके नहीं रखना चाहिए. नवरात्रि मां दुर्गा की उपासना और घर में सकारात्मक माहौल बनाने का पर्व माना जाता है. इसलिए इस दौरान घर को साफ, व्यवस्थित और ताजा रखना ज्यादा जरूरी हो जाता है. घर में हरे-भरे पौधे लगाए जा सकते हैं. जिससे वातावरण भी बेहतर बना रहता है.
मुख्य द्वार के सामने करे यह उपाय
वहीं नवरात्रि में कलश स्थापना से पहले घर के मुख्य दरवाजे को भी सजाने की परंपरा है. ज्योतिषाचार्य के अनुसार आम, केला या अशोक के पत्तों का पल्लव बनाकर मुख्य द्वार पर तोरण लगाया जा सकता है. इसे शुभता का प्रतीक माना जाता है. इसके साथ ही घर के मुख्य दरवाजे पर मां दुर्गा के चरण चिह्न बनाने की भी परंपरा है. मान्यता है कि इससे घर में देवी के स्वागत का भाव बनता है. अगर संभव हो तो मुख्य द्वार के पास साफ लौटा में शुद्ध जल रखकर उसमें फूल भी डाले जा सकते हैं. नवरात्रि के दौरान रोजाना इसे बदलकर ताजा जल रखा जाए तो घर का वातावरण भी स्वच्छ और सुंदर बना रहता है.

