Parliament Pappu Yadav protest नई दिल्ली : निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने शुक्रवार को साधु के कपड़े पहनकर संसद परिसर में एक अनूठा प्रदर्शन किया. इस प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य अयोध्या राम मंदिर के चढ़ावे में कथित अनियमितता और चोरी के आरोपों को दर्शाना था. इस विरोध प्रदर्शन के दौरान उनके साथ विपक्षी दलों के कई अन्य प्रमुख सांसद भी मौजूद रहे.
विपक्ष ने आज संसद में विरोध के दौरान एक शॉर्ट प्ले किया। सांसद पप्पू यादव पुजारी बनकर आए। राहुल गांधी ने भी चंदा दानपात्र में डाला और पुजारी अयोध्या सांसद के पैर छूते दिखाई दिए।
फिर पुजारी बने पप्पू यादव दानपात्र लेकर भाग गए#Parliament pic.twitter.com/i39R7uH4CO
— Poonam Pandey (@pandeypoonam20) July 31, 2026
Parliament Pappu Yadav protest : खरगे और राहुल गांधी भी हुए शामिल
इस विरोध प्रदर्शन में कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई. यह पूरा प्रदर्शन मुख्य रूप से दो बड़े मुद्दों पर केंद्रित था—पहला, अयोध्या राम मंदिर के चंदे में कथित चोरी के आरोप, और दूसरा, आगामी 20 जुलाई को छात्रों के संसद मार्च के दौरान पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई का विरोध.
गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग
इंडिया (INDIA) ब्लॉक के सभी सांसदों ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की जोरदार मांग की. उन्होंने सदन की कार्यवाही के दौरान गृह मंत्री की गैरमौजूदगी पर भी कड़े सवाल उठाए. संसद भवन के मकर द्वार के सामने एकत्रित होकर सांसदों ने सरकार विरोधी नारे लगाए, जिनमें मुख्य रूप से ‘अमित शाह इस्तीफा दो’, ‘अमित शाह सदन में आओ’ और ‘चढ़ावा चोर, गद्दी छोड़’ जैसे नारे गूंजे.
किस तरह किया गया प्रदर्शन?
सांसदों ने संसद के मकर द्वार की सीढ़ियों के ठीक सामने दान पेटियां रखीं. निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव साधु का चोला पहनकर इन दान पेटियों के पास बैठ गए. इस प्रदर्शन के माध्यम से एक सांकेतिक नाटक कर संदेश देने का प्रयास किया गया, जिसमें राहुल गांधी सहित अन्य विपक्षी सांसदों ने उन पेटियों में पैसे डाले, जबकि पप्पू यादव ने उन पैसों को अपनी जेब में रखकर राम मंदिर चढ़ावे में कथित हेराफेरी के आरोपों को प्रदर्शित किया.
प्रदर्शन में शामिल प्रमुख नेता
इस हाई-प्रोफाइल प्रदर्शन में प्रियंका गांधी वाड्रा, समाजवादी पार्टी के सांसद अवधेश प्रसाद व धर्मेंद्र यादव, और झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) की सांसद महुआ माजी समेत कई दिग्गज नेता शामिल हुए. सभी सांसद एक बड़े बैनर के पीछे खड़े थे, जिस पर प्रमुखता से लिखा हुआ था— ‘अमित शाह सदन से गायब क्यों?’
किन मुद्दों पर सरकार को घेर रहा है विपक्ष?
विपक्षी गठबंधन इंडिया ब्लॉक ने स्पष्ट किया है कि वे सरकार को राम मंदिर चढ़ावे में कथित चोरी के मुद्दों और नीट (NEET) पेपर लीक के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुई सख्त कार्रवाई के मामलों पर संसद से लेकर सड़क तक घेरते रहेंगे.
इससे पहले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने लोकसभा में राहुल गांधी द्वारा उठाए गए सवालों और जवाबदेही की मांग का पुरजोर समर्थन किया था. उन्होंने तीखा आरोप लगाते हुए कहा था कि देश के युवाओं और छात्रों पर हुए घातक हमलों के लिए सीधे तौर पर सत्ताधारी दल जिम्मेदार है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने एक बयान में खरगे ने कहा था कि छात्रों पर इस तरह की कार्रवाई या तो गृह मंत्री की मंजूरी से हुई या फिर उनके सीधे निर्देशों पर, जो देश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है. वहीं, राहुल गांधी ने भी इस पूरे प्रकरण की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच कराए जाने की मांग की है.

