NEET MBBS Students Missing: NEET-2026 पेपर लीक मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए खुलासे सामने आ रहे हैं. अब इस मामले में बिवाल परिवार से जुड़ी एक बड़ी जानकारी सामने आयी है. बिवाल परिवार के चार सदस्य, जो देश के अलग-अलग मेडिकल कॉलेजों में MBBS की पढ़ाई कर रहे थे, अचानक कॉलेजों से गायब हो गए हैं. CBI इस घटनाक्रम को बेहद गंभीरता से ले रही है और इसे पेपर लीक नेटवर्क से जोड़कर जांच कर रही है.
NEET MBBS Students Missing : जयपुर, दौसा, मुंबई और बनारस से लापता हुए छात्र
सूत्रों के मुताबिक दिनेश और मांगीलाल बिवाल के बच्चे देश के अलग-अलग सरकारी मेडिकल कॉलेजों में पढ़ाई कर रहे थे.
- पलक बिवाल जयपुर के सवाई मानसिंह मेडिकल कॉलेज में MBBS कर रही थी.
- प्रगति बिवाल दौसा के पंडित नवल किशोर मेडिकल कॉलेज की छात्रा थी.
- सोनिया बिवाल मुंबई के एक मेडिकल कॉलेज में पढ़ रही थी.
- गुंजन बिवाल बनारस के मेडिकल कॉलेज में MBBS कर रही थी.
इन सभी के अचानक कॉलेज छोड़ने की खबर ने जांच एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है.
पहले ही गिरफ्तार हो चुका है विकास बिवाल
इस मामले में विकास बिवाल, जो सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज से जुड़ा था, पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है. CBI ने दिनेश, मांगीलाल और विकास को हिरासत में लेकर पूछताछ की है. इसके अलावा जमवारामगढ़ स्थित बिवाल परिवार के घर पर छापेमारी कर कई अहम दस्तावेज और डिजिटल सबूत भी जब्त किए गए हैं.
12वीं के छात्र ऋषि के लिए खरीदा गया था पेपर
जांच में यह भी सामने आया है कि लीक हुआ NEET पेपर कथित तौर पर दिनेश बिवाल के बेटे ऋषि के लिए खरीदा गया था.
ऋषि नटाटा गांव के जानकी पब्लिक स्कूल में 12वीं का छात्र था. स्कूल प्रशासन के मुताबिक वह पढ़ाई में औसत छात्र था और पहले सीकर से पढ़ाई कर चुका था.
स्कूल संचालक नेंसीराम मीणा ने बताया कि परिवार के अनुरोध पर ऋषि को 12वीं में प्रवेश दिया गया था. स्कूल में NEET की तैयारी नहीं करवाई जाती थी, इसलिए उन्हें इस साजिश की भनक तक नहीं लगी.
CBI खंगाल रही है पूरा नेटवर्क
CBI अब यह पता लगाने में जुटी है कि पेपर खरीदने और लीक कराने की पूरी साजिश कैसे रची गई. जांच एजेंसी यह भी खंगाल रही है कि मेडिकल कॉलेजों में पढ़ रहे परिवार के अन्य छात्रों की इस नेटवर्क में कोई भूमिका थी या नहीं. छात्रों के अचानक गायब होने से कई सवाल खड़े हो गए हैं.
देशभर में बढ़ी हलचल
NEET-2026 पेपर लीक मामले ने देशभर में मेडिकल शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं.अब सबकी नजर CBI जांच पर टिकी है कि क्या इस हाई-प्रोफाइल नेटवर्क के पीछे और बड़े नाम सामने आएंगे या नहीं। यह मामला आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे कर सकता है।

