ग्वालियर: मध्य प्रदेश के ग्वालियर शहर से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहाँ गिरवाई स्थित 'होटल प्रिंस मामा' के स्विमिंग पूल में डूबने से 7 वर्षीय बच्चे की मौत हो गई। मासूम अपने परिवार के साथ वहां पूल पार्टी और डिनर के लिए गया था। घटना सोमवार की बताई जा रही है, लेकिन मामले में नया मोड़ तब आया जब परिजनों ने बच्चे को दफनाने के दो दिन बाद पुलिस से पोस्टमार्टम की मांग की। बुधवार को पुलिस की मौजूदगी में शव को बाहर निकाला गया ताकि मौत के असली कारणों का पता लगाया जा सके।
अंधेरे का फायदा उठाकर गहरे पानी में उतरा बच्चा
जानकारी के मुताबिक, जनकगंज थाना क्षेत्र के गोल पहाड़िया निवासी देवेंद्र पाल अपनी पत्नी भारती, भाई दिनेश और बेटे वेद के साथ सोमवार शाम होटल पहुंचे थे। होटल में दो तरह के पूल बने हुए हैं—एक बच्चों के लिए कम गहरा और दूसरा वयस्कों के लिए अधिक गहराई वाला। पूरा परिवार साथ में पूल में नहा रहा था, तभी अचानक बिजली गुल हो गई और चारों तरफ अंधेरा छा गया। बताया जा रहा है कि इसी दौरान बच्चा खेलते हुए बड़े पूल की तरफ चला गया और डूब गया।
परिजन और स्टाफ को देरी से मिली खबर
दुखद पहलू यह रहा कि जब बच्चा गहरे पानी में संघर्ष कर रहा था, तब परिवार के किसी भी सदस्य या होटल स्टाफ को इसकी भनक तक नहीं लगी। काफी देर बाद जब बच्चे का शव पानी की सतह पर तैरता हुआ मिला, तब जाकर कोहराम मचा। परिजनों और होटल कर्मचारियों ने तुरंत उसे बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी सांसें थम चुकी थीं। हादसे के बाद होटल प्रबंधन की सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन लाइटिंग (Emergency Lighting) के इंतजामों पर भी सवाल उठ रहे हैं।
दफनाने के दो दिन बाद पोस्टमार्टम का फैसला
हादसे के तुरंत बाद परिजन गहरे सदमे में थे और उन्होंने कानूनी पचड़े से बचने के लिए बिना पुलिस को सूचना दिए सोमवार को ही बच्चे के शव को दफना दिया था। हालांकि, बाद में उन्हें अहसास हुआ कि मामले की निष्पक्ष जांच जरूरी है, जिसके बाद वे थाने पहुंचे। परिजनों की शिकायत और पोस्टमार्टम की मांग पर पुलिस हरकत में आई। बुधवार दोपहर को प्रशासन की मौजूदगी में शव को कब्र से बाहर निकलवाया गया।
पुलिस जांच और सुरक्षा मानकों की पड़ताल
ग्वालियर पुलिस अब इस पूरे मामले की बारीकी से जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या होटल के पास वैध लाइसेंस था और क्या वहां सुरक्षा गार्ड या लाइफगार्ड की तैनाती थी। इसके अलावा, स्विमिंग पूल के पास अंधेरे के समय सुरक्षा के क्या इंतजाम थे, इसकी भी पड़ताल की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पुलिस होटल प्रबंधन के खिलाफ लापरवाही का मामला दर्ज कर सकती है। इस घटना ने शहर के होटलों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी को एक बार फिर उजागर कर दिया है।

