West Asia War के बीच  पीएम मोदी ने की ‘मन की बात’ , 140 करोड़ भारतीयों को किया आगाह-“अफवाहों से बचें और एकजुट रहें.”

PM Modi Man ki Baat : नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ (Mann Ki Baat) के 132वें एपिसोड के जरिए देशवासियों को संबोधित किया. पश्चिम एशिया (Middle East) में जारी तनावपूर्ण स्थितियों पर चिंता व्यक्त करते हुए पीएम मोदी ने 140 करोड़ भारतीयों को एकजुट रहने और चुनौतियों का डटकर सामना करने का आह्वान किया.

PM Modi Man ki Baat : युद्ध की चुनौती और 140 करोड़ भारतीयों की एकजुटता

प्रधानमंत्री ने कहा कि पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के कारण परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण हैं। उन्होंने जनता से अपील की, “मैं देशवासियों से कहना चाहता हूं कि आप सभी सतर्क रहें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। इस कठिन समय में हम सभी को मिलकर परिस्थितियों से निपटना है.” उन्होंने साफ किया कि यह मामला देश के हित से जुड़ा है, इसलिए इस पर कोई राजनीति नहीं होनी चाहिए.

खाड़ी देशों का आभार और भारतीयों की सुरक्षा

पीएम मोदी ने खाड़ी देशों में रह रहे लगभग 1 करोड़ भारतीयों की सुरक्षा को लेकर सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई. उन्होंने उन देशों का आभार व्यक्त किया जो संकट के इस समय में भारतीयों को हर संभव सहायता प्रदान कर रहे हैं. पीएम ने कहा कि सरकार निरंतर जानकारी दे रही है और लोगों को केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही विश्वास करना चाहिए.

ईंधन संकट और स्ट्रैटेजिक पेट्रोलियम रिजर्व

युद्ध के आर्थिक प्रभाव पर चर्चा करते हुए पीएम ने कहा कि पश्चिम एशिया हमारी ऊर्जा आवश्यकताओं का मुख्य केंद्र है.

  • व्यापार मार्ग पर असर: ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ में जहाजों की आवाजाही प्रभावित होने से व्यापार मार्ग पर संकट आया है।

  • ईंधन की आपूर्ति: दुनिया भर में डीजल और पेट्रोल का संकट बढ़ रहा है, लेकिन भारत इसे मजबूती से हैंडल कर रहा है।

  • रणनीतिक तैयारी: प्रधानमंत्री ने बताया कि देश में 5.3 मिलियन टन से ज्यादा ‘स्ट्रैटेजिक पेट्रोलियम रिजर्व’ (Strategic Petroleum Reserve) मौजूद है और इसे और बढ़ाने पर काम जारी है। घरेलू एलपीजी उपभोक्ताओं को प्राथमिकता दी जा रही है।

युवाओं को प्रोत्साहन और जल संरक्षण की अपील

युद्ध और वैश्विक उथल-पुथल के जिक्र के अलावा, पीएम मोदी ने खेल जगत में युवाओं की उपलब्धियों की सराहना की और उन्हें निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया. साथ ही, उन्होंने आने वाले समय की जरूरतों को देखते हुए देशवासियों से जल संरक्षण (Water Conservation) की भावुक अपील भी की.

पीएम मोदी ने अंत में कहा कि मार्च का महीना अक्सर वैश्विक उथल-पुथल वाला रहा है, चाहे वह बीते समय में कोविड का दौर हो या वर्तमान युद्ध की स्थिति, लेकिन भारत हर बाधा को पार करने में सक्षम है.

Latest news

Related news