America Iran Tension : अमेरिका और ईरान के बीच तनाव चरम पर है.अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के द्वारा मिडिल ईस्ट में अमेरिकी युद्धपोतों की तैनाती को लेकर अब ईरान ने भी चेतावनी दी है. ईरान की तरफ से कहा गया है कि अगर अमेरिका का द्वारा ईरान पर किसी भी तरह का हमला होता है तो इसे ‘ऑल-आउट वॉर’ माना जायेगा. दोनो देशों की तरफ से आ रहे तीखे बयानों के बाद इनके बीच युद्ध की आशंका बढ़ गई है.
Iran warns any attack will mean ‘all-out war’ after Trump says US ‘armada’ on its way https://t.co/s9AL60PSF1
— Sky News (@SkyNews) January 24, 2026
America Iran Tension:अमेरिका की धमकी के बाद ईरान का जवाब
धमकी के बाद ईरान ने अमेरिका के द्वारा मिडिल इस्ट में किसी भी तरह के सैन्य तैनाती को देखते हुए सख्त चेतावनी दी है . ईरान की तरफ से कहा गया कि ‘तेहरान पर किसी भी तरह का हमला किया गया तो उसे “ऑल-आउट वॉर” माना जाएगा और उसका जवाब बेहद कठोर तरीके से दिया जाएगा’ . इस बीच ईरानी सेना (IRGC) के कमांडर का भी बयान आया है जिसमें उन्होने कहा है कि उनकी उंगली भी ट्रिगर पर है.
अमेरिकी सैन्य अधिकारी के हवाले से न्यूज एजेंसी रायटर्स ने लिखा है कि ईरान का कहना है कि अमेरिका की तरफ से किया गया कोई भी सैन्य कार्रवाई चाहे वो सीमित हो या सर्जिकल, उसे ईरान अपने खिलाफ वॉर एक्ट माना जायेगा. ईरानी अधिकारी ने रायटर्स के कहा कि ‘इस बार अगर उनपर कोई हमला हुआ तो हम अपने पास मौजूद हर संसाधन का इस्तेमाल करेंगे और सबसे कड़े तरीके से जवाब देंगे.’
ईरान ने ये बयान तब दिया है, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिकी युद्धपोतों का बड़ा बेड़ा ईरान की ओर बढ़ रहा है.अमेरिका अपने इन खास युद्धपोतों की तैनाती मिडिल इस्ट में करने जा रहा है. अमेरिकी अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक, अमेरिका ने मिडिल इस्ट में तैनाती के लिए अपना एयरक्राफ्ट कैरियर अब्राहम लिंकन और टॉमहॉक मिसाइलों से लैस 3 विध्वंसक जहाज भेजे हैं. इसके अलावा करीब एक दर्जन F-15E फाइटर जेट भी तैनाती के लिए भेजे गये हैं.
🚨🌎🇺🇸 A Fleet of US Military War Ships are currently en route towards The Middle East sailing up the Gulf Oman towards Iran led by the USS Abraham Lincoln.
All the pieces are being positioned….. pic.twitter.com/ic4irPpFhK
— Concerned Citizen (@BGatesIsaPyscho) January 23, 2026
ईरान की सेना किसी भी हालात के लिए तैयार- कमांडर
इस बीच ईरानी अधिकारी के अधिकारियों ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि उनका देश हाई अलर्ट पर है और सेना किसी भी तरह के बुरे से बुरे हालातों का सामना करने के लिए तैयार है. ईरान के अधिकारी ने जोर देकर कहा कि जो भी देश लगातार अमेरिकी सैन्य दबाव में रहते हैं,उनके पास अपनी रक्षा के लिए हर विकल्प तैयार रखना मजबूरी है.
इरान में अब तक 5 हजार लोगों की मौत
ईरान में खामनेई सरकार की नीतियों के खिलाफ इस साल की शुरुआत से ही विरोध प्रदर्शन चल रहा है, जिसमें अब तक सरकार और प्रदर्शनकारियो के बीच संघर्ष में 5 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है.ईरान में प्रदर्शनकारियो के उपर सरकारी दमन को ट्रंप ने मानवाधिकार विरोधी बताते हुए सैन्य हस्तक्षेप की धमकी दी है, हलांकि पिछले हफ्ते ट्रंप ने नरमी के संकेत भी दिये थे.
दावोस से वापसी के बाद फिर बदले ट्रंप के तेवर
इस बीच ईरान में तनाव कम होता भी दिखा लेकिन दावोस से वर्ल्ड इकोनोमिक फोरम की बैठक से वापस लौटने के बाद ट्रंप एक बार फिर से पुराने तेवर में नजर आने लगे हैं . उन्होने मिडिल ईस्ट में अमेरिकी सेना की तैनाती की बात कर दी, जिसके बाद हालात फिर से बिगाड़ गये हैं. ट्रंप के बयानों के बीच ईरानी सेना के प्रवक्ता ने भी चेतावनी दी है कि अगर उनके सुप्रीम लीडर पर किसी तरह का हमला या कार्रवाई होती है तो ऐसी स्थिति में ‘दुनिया को आग में झोंक दिया जाएगा.’

