भोपाल | ब्राह्मण बेटियों को लेकर दिए गए विवादित बयान के बाद भी आईएएस अधिकारी और अजाक्स के प्रांताध्यक्ष संतोष वर्मा पर कोई ठोस कार्रवाई न होने से कर्मचारियों और ब्राह्मण समाज में आक्रोश लगातार बढ़ रहा है. मंत्रालय सेवा अधिकारी-कर्मचारी संघ के अध्यक्ष सुधीर नायक ने शुक्रवार को साफ चेतावनी दी कि अगर अगले कुछ दिनों में सरकार एफआईआर दर्ज कर वर्मा को निलंबित नहीं करती है, तो मंत्रालय के कर्मचारी सामूहिक अवकाश पर चले जाएंगे और मंत्रालय का कामकाज पूरी तरह ठप कर दिया जाएगा. नायक ने यह भी कहा कि आगे से वर्मा के साथ किसी भी कर्मचारी द्वारा कार्य करने से इनकार कर दिया जाएगा |
सांसद ने केंद्रीय मंत्री को जांच के लिए लिखा पत्र
इधर, रीवा से भाजपा सांसद जनार्दन मिश्रा ने केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह को पत्र भेजकर वर्मा की पदोन्नति प्रक्रिया की जांच कराने की बात रखी है. मंत्रालय भवन के सामने सरदार पटेल उद्यान पर कर्मचारी और ब्राह्मण समुदाय के लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए सरकार की निष्क्रियता पर सवाल उठाए. प्रदर्शन में शामिल पदाधिकारियों ने कहा कि केवल नोटिस देना पर्याप्त नहीं है. इस प्रकार के बयान देने वाले अधिकारी को तुरंत सेवा से हटाकर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए |
पूर्व गृहमंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने भी इस मामले पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि ऐसी घृणित मानसिकता समाज में वैमनस्य फैलाती है और सरकार को बिना देर किए कड़े कदम उठाने चाहिए, अन्यथा समाज स्वयं निर्णय लेने को बाध्य होगा |
अजाक्स ने सम्मान रैली निकालकर दिया नए विवाद को जन्म
इसी बीच, अजाक्स संगठन ने संतोष वर्मा के समर्थन में रतलाम, छिंदवाड़ा, सिंगरौली, खंडवा और कटनी समेत कई जिलों में सम्मान रैली निकालकर नए विवाद को जन्म दे दिया. संगठन पदाधिकारियों ने दावा किया कि वर्मा के बयान को गलत संदर्भ में पेश किया गया है, जबकि कर्मचारी संगठनों ने इसे ‘बेशर्मी’ बताते हुए कड़ा विरोध कायम रखा है |

