रांची। झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने नेता प्रतिपक्ष और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कोयला कारोबारी एलबी सिंह मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि ईडी ने नवंबर 20, 21 और 22 को धनबाद में एलबी सिंह के ठिकानों पर छापेमारी की, लेकिन गिरफ्तारी नहीं की गई। भट्टाचार्य के अनुसार, बरामद डायरी में हर महीने “BLM” के नाम पर बड़ी रकम दर्ज थी, जिससे जांच की दिशा प्रभावित हुई।
JMM महासचिव ने दावा किया कि ईडी ने पहले कई बड़े नेताओं पर कड़ी कार्रवाई की थी, जिसमें एक समय मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के घर को सीआरपीएफ ने घेर लिया था और पूछताछ के बाद उन्हें तुरंत गिरफ्तार किया गया था। लेकिन एलबी सिंह के यहां छापेमारी के दौरान दो घंटे तक दरवाजा बंद रखा गया, पालतू कुत्तों से हमला करवाया गया और इलेक्ट्रॉनिक दस्तावेजों को डिलीट कर दिया गया, फिर भी कोई गिरफ्तारी नहीं हुई।
उन्होंने सवाल उठाया कि क्या बाबूलाल मरांडी से संबंध होने की वजह से एलबी सिंह के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई। साथ ही, फेस टाइम वीडियो कॉल वाले आरोपों पर मरांडी से सबूत देने की मांग भी की। भट्टाचार्य ने कहा कि अगर बाबूलाल को पुलिस अधिकारियों के नाम और कनेक्शन पता हैं, तो उन्हें उन्हें सार्वजनिक करना चाहिए।
सुप्रियो भट्टाचार्य ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि झारखंड के कई माफियाओं का कनेक्शन भाजपा से जुड़ा हुआ है। उन्होंने मांग की कि ईडी चेहरे देखकर नहीं, बल्कि निष्पक्षता के साथ कार्रवाई करे।
अंत में, उन्होंने दावा किया कि सरकार अपने एक वर्ष के कार्यकाल में महत्वपूर्ण उपलब्धियां दर्ज कर चुकी है, जबकि भाजपा केवल आरोप पत्र लेकर खड़ी है।

